अलीगढ़ 14 अगस्त। मंगलायतन विश्वविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) की इकाई-1 एवं 7 तथा प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में 10 करोड़ नशा मुक्ति प्रतिज्ञा महाअभियान आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को नशे जैसी सामाजिक बुराई से दूर रखते हुए व्यसन मुक्त एवं सशक्त समाज के निर्माण के लिए प्रेरित करना रहा। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कुलपति प्रो. पीके दशोरा ने कहा कि ज्ञान का वास्तविक अर्थ अपने भीतर के विवेक को जागृत करना है। नशे जैसी सामाजिक बुराई से मुक्त होने के लिए व्यक्ति का आंतरिक रूप से जागरूक होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि आज का युवा देश का उज्ज्वल भविष्य है। प्रतिष्ठा, आत्मसम्मान और आर्थिक संसाधनों की रक्षा के लिए युवाओं को नशे से दूर रहना चाहिए। दृढ़ संकल्प और सही आदर्श व्यक्ति को पतन से बचाकर सफलता की ओर ले जाते हैं। बीके शांता बहन ने अध्यात्म एवं राजयोग के माध्यम से मन को सशक्त बनाने का संदेश दिया। बीके दिनेश भाई ने नशे के शारीरिक, मानसिक एवं सामाजिक दुष्प्रभावों पर प्रकाश डाला। बीके लक्ष्मी बहन ने विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं अतिथियों को जीवन भर नशे से दूर रहने तथा नशामुक्त भारत के निर्माण में योगदान देने की शपथ दिलाई। स्वागत संबोधन डा. पूनम रानी ने दिया। संचालन छात्र शिवम पांडे ने किया। आभार व्यक्त छात्र यश जायसवाल ने किया। आयोजन में कार्यक्रम अधिकारी डा. मनीषा उपाध्याय व डा. मनीष राव का सहयोग रहा।