
हाथरस 19 जुलाई । शहर के मोहल्ला बालापट्टी से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। सेवानिवृत्त शिक्षक अशोक कुमार पिछले आठ दिनों से अपने ही घर के एक कमरे में बंद हैं। उनका आरोप है कि उनकी पत्नी उन्हें प्रताड़ित करती है और अक्सर कमरे में बंद कर बाहर चली जाती है। पीड़ित ने प्रशासन से उन्हें सुरक्षित बाहर निकालकर किसी वृद्धाश्रम में भेजने की गुहार लगाई है। अशोक कुमार का दावा है कि वह पिछले सात वर्षों से घरेलू हिंसा और मानसिक प्रताड़ना का सामना कर रहे हैं। उनके अनुसार, पत्नी घर पर रहने के दौरान उनके साथ मारपीट करती है और कई बार उन्हें कमरे में बंद कर चली जाती है। इस बार भी वह चार दिन का भोजन बनाकर गई थीं। भोजन समाप्त होने के बाद पड़ोस में रहने वाले उनके भाइयों के परिवार ने खिड़की के रास्ते उन्हें खाना और पानी उपलब्ध कराया, जिससे उनकी गुजर-बसर हो रही है।
पीड़ित का आरोप है कि पत्नी द्वारा की गई मारपीट के कारण उनकी आंखों की रोशनी भी चली गई है और अब वे लगभग दृष्टिहीन हो चुके हैं। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। मामले की जानकारी मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची, लेकिन अशोक कुमार ने कथित तौर पर पत्नी के डर के कारण दरवाजा खोलने से इनकार कर दिया। उन्होंने पुलिस से कहा कि जब तक उनकी पत्नी वापस नहीं आ जाती, वे कमरे का दरवाजा नहीं खोलेंगे। इसके बाद पुलिस टीम वापस लौट गई। अशोक कुमार ने प्रशासन से अपील की है कि उनकी पत्नी के घर लौटने पर पुलिस की मौजूदगी में उन्हें सुरक्षित कमरे से बाहर निकाला जाए। उनका कहना है कि अब वे उस घर में नहीं रहना चाहते और उन्हें किसी सुरक्षित वृद्धाश्रम में भेज दिया जाए, ताकि वे अपनी शेष जिंदगी सम्मान और शांति के साथ बिता सकें। यह मामला पूरे मोहल्ले में चर्चा का विषय बना हुआ है। स्थानीय लोगों के अनुसार, महिला के गुस्से और संभावित कानूनी विवाद के डर से कोई भी इस मामले में खुलकर हस्तक्षेप करने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जानकारी जुटा रही है। यदि पीड़ित की ओर से औपचारिक शिकायत दी जाती है या प्रथम दृष्टया कोई संज्ञेय अपराध सामने आता है, तो पुलिस नियमानुसार आगे की कार्रवाई करेगी। दूसरी ओर, पत्नी का पक्ष अभी सामने नहीं आया है। मामले में सभी तथ्यों की जांच के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।








