
सिकन्दराराऊ (हसायन) 14 जुलाई। विकासखंड कार्यालय के विकासखंड मुख्यालय स्तर पर कस्बा हसायन के नगला रति मार्ग स्थित मोहल्ला अहीरान में स्थापित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर देहात क्षेत्र के ग्रामीण अंचल के एक गांव की महिला प्रसूता से सुरक्षित प्रसव सम्पूर्ण किए जाने के बाद कन्या पुत्री होने के खुशी के नाम पर चौदह सौ रूपए की अतिरिक्त अवैध रूप से बसूली किए जाने का प्रकरण सामने आया है।प्रसव के नाम पर अवैध रूप की गई अतिरिक्त बसूली किए जाने का वीडियो सोशल नेटवर्किंग साइट फेसबुक,एक्स ट्विटर पर तेजी से प्रसारित हो रहा है।शासन के द्वारा जन्म दर बढाए जाने व सुरक्षित प्रसव कराए जाने के लिए निःशुल्क एवं सुरक्षित प्रसव कराए जाने के आदेश जारी किए गए है।मगर शासनादेश के बाद भी स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदार की मिलीभगत के कारण सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर सुरक्षित प्रसव के नाम पर अवैध रूप से अतिरिक्त दसूली किए जाने का सिलसिला थमने का नाम नही ले रहा है।हाल ही इसी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर बुखार पीड़ित इटरनी के मासूम बच्चे को भी वैधता तिथि एक्स पायरी डेट की दवा दे दी गई थी।अब इसी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पर बीते रविवार बारह जुलाई की देर रात साढे दस बजे ग्राम पंचायत गांव जाऊ के माजरा गांव इनायतपुर के रहने वाले राहुल कुमार पुत्र सोबरन सिंह अपनी पत्नी रामा देवी के प्रसव पीडा होने पर लेकर आया।रविवार की देर रात पत्नी के भर्ती कराए जाने के बाद सोमवार तेरह जून की भोर की पहली किरण से पूर्व रात्रि साढे बारह बजे कन्या के रूप दूसरी पुत्री को जन्म दिया। प्रसूता पीडिता रामा के प्रसव प्रक्रिया सम्पूर्ण होने के बाद प्रसव केंद्र पर तैनात कार्यरत रात्रि डयूटी कर रही स्टाफ नर्स दीपा सिंह के द्वारा प्रसूता के पति राहुल कुमार व ज्येष्ठ (जेठ) देवेंद्र कुमार से हाथ में नवजात शिशु दिए जाने के नाम अवैध रूप अठ्ठारह सौ रुपए की डिमांड करने लगी।प्रसूता पीडिता रामा देवी के पति राहुल कुमार व ज्येष्ठ जेठ देवेंद्र कुमार ने बताया कि उन्होने मैम स्टाफ नर्स को पहले सात सौ से आठ सौ रुपए तक दिए।मगर स्टाफ नर्स ने रूपए लेने से इंकार कर दिया।इतना ही नही स्टाफ नर्स ने प्रसूता के पति व जेठ से प्रसव पीडा होने के दौरान सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के बाहर संचालित मेडिकल स्टोर से दवा मंगवाए जाने के लिए पर्चा लिखकर दे दिया।रात्रि में मेडिकल के बंद हो जाने के बाद दवा नही मिली।तो स्टाफ नर्स से उन्होने कहा कि बाहर तो मेडिकल बंद है,आपके पास दवा हो तो लगा दीजिए।जिस दवा के रूपए पैसे हमें बाहर देने है तो हम अंदर तुम्हे ही दे देंगे।चार सौ रुपए लेकर स्टाफ नर्स ने दवा रामा देवी के लगा दी।सुरक्षित तरीके से प्रसव होने के बाद स्टाफ नर्स(मैम)ने बच्चा हाथ में दिए जाने के दौरान आशा कार्यकत्री के माध्यम से रूपए दिए जाने की डिमांड प्रसूता पीड़िता मरीज के परिजनों के सामने रखी।स्टाफ नर्स के द्वारा प्रसव के नाम पर खुशी होने की बात कहते हुए प्रसन्नता पूर्वक हंसते मुस्कराते हुए चौदह सौ रूपए दिए जाने की मांग करने लगी।जब प्रसूता के परिजनों ने स्टाफ नर्स को पहले सात सौ रुपए दिए,जब नर्स ने नही लिए तो प्रसूता के परिजनों ने सौ रुपए और बढ़ाकर आठ सौ रुपए भी दिए।तो स्टाफ नर्स ने आठ सौ रूपए देने के बाद भी प्रसूता के परिजनो से रूपए लेने से मना कर दिया।जब प्रसूता पीडिता महिला रामा देवी के पति राहुल कुमार व जेठ देवेंद्र कुमार नवजात शिशु कन्या स्वरूपी पुत्री को लेकर वार्ड में भर्ती हो गए।तब रात्रि डयूटी पर तैनात कार्यरत स्टाफ नर्स के द्वारा प्रसूता पीड़ित महिला के साथ आई हुई गांव की आशा कार्यकत्री के माध्यम से प्रसूता पीडिता के परिजनो के पास रूपए देने के लिए सिफारिश कराए जाने के लिए माध्यम बनाकर भेजा।आशा कार्यकत्री के द्वारा प्रसूता के पति राहुल कुमार व जेठ देवेंद्र कुमार से रूपए देने के लिए कहा गया।आशा कार्यकत्री के कहे जाने के दौरान पीड़ित प्रसूता महिला का पति राहुल कुमार अपने मोबाइल फोन की वीडियोज रिकार्डिंग करके प्रसव केंद्र के अंदर गेट के बाहर खडे होकर प्रसव कार्य की प्रक्रिया को सम्पूर्ण करने वाली
स्टाफ नर्स के पास पहुंचे।तो स्टाफ नर्स ने राहुल कुमार व जेठ देवेंद्र कुमार से कहा कि अगर सुबह आठ बजे तक रिलीव होना है तो चौदह सौ रूपए दे दोगे।तो आठ बजे सुबह छुट्टी दे दी जाएगी।नही तो सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अडतालीस घंटे के तक भर्ती रखे जाने के बाद ही रिलीव किया जाएगा।स्टाफ नर्स हंसते मुस्कराते हुए प्रसूता पीड़िता के पति राहुल कुमार से चौदह सौ रूपए अलग-अलग मद के हिसाब से दिए जाने की डिमांड कर रही।प्रसूता पीडिता के पति राहुल कुमार ने बताया कि स्टाफ नर्स एक हजार रुपए डिलीवरी चार्ज,दो सौ रुपए फार्म व दो सौ रूपए नार कटाई के नाम पर अवैध रूप से मांग रही थी।प्रसूता के पति ने बताया कि उन्होने स्टाफ नर्स को तेरह सौ पचास रूपए दिए।इस संबंध में नवागत प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ.वरूण चौधरी ने बताया कि मै तो अभी कुछ दिन पहले ही आकर ज्वाइन किया है।यहां पर कार्य करने से पहले ही अतिरिक्त कार्य काफी पैंडिंग पडा हुआ है।सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहा कब कितने वक्त का है यह देखने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।इस संबंध में मुख्य चिकित्साधिकारी सीएमओ डॉ.वेद प्रकाश वार्ता कर जानकारी किए जाने के दौरान मीडिया कर्मी से यह कहते हुए सुनाई दिए अरे वाह बहुत बढिया बताया आपने मुझे क्या बात है,कब का और किसका कहां का वीडियोज है।सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहे वायरल वीडियो पोस्ट के बारें में मुझे कोई जानकारी नही पहले मेरे पास वीडियो भेजिए वीडियो देखने के बाद ही मैं कुछ कह पाउंगा।











