Hamara Hathras

Latest News

मथुरा 03 सितम्बर। राजीव एकेडमी फॉर टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट, मथुरा के प्रशिक्षण एवं रोजगार विभाग द्वारा बीबीए द्वितीय वर्ष के विद्यार्थियों को डावर फुटवियर इंडस्ट्रीज, आगरा का तीन दिवसीय औद्योगिक भ्रमण कराया गया। इस शैक्षिक भ्रमण में विद्यार्थियों ने औद्योगिक कार्यप्रणाली के साथ ही निर्यात प्रणाली की गूढ़ बातें जानीं और समझीं। औद्योगिक भ्रमण में छात्र-छात्राओं को डावर फुटवियर इंडस्ट्रीज के विभिन्न विभागों का अवलोकन कराया गया। इनमें उत्पादन, गुणवत्ता नियंत्रण, मानव संसाधन एवं प्रशासन प्रमुख रूप से शामिल रहे। विद्यार्थियों ने निर्माण इकाई में उत्पादन की विभिन्न प्रक्रियाओं को प्रत्यक्ष रूप से देखा और यह समझा कि प्रबंधन से संबंधित सैद्धांतिक अवधारणाओं को वास्तविक औद्योगिक परिस्थितियों में किस प्रकार लागू किया जाता है। इस अवसर पर मानव संसाधन एवं कार्मिक विभाग के प्रमुख राजीव मिश्रा एवं उनकी टीम ने विद्यार्थियों का स्वागत किया तथा फुटवियर निर्माण की पूरी प्रक्रिया के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की। उन्होंने विद्यार्थियों को कच्चे माल के चयन, डिजाइन तैयार करने, उत्पादन प्रक्रिया, गुणवत्ता जांच एवं अंतिम पैकेजिंग तक की विभिन्न गतिविधियों से परिचित कराया।

श्री मिश्रा ने बताया कि फुटवियर उद्योग ने आधुनिक तकनीक एवं स्वचालन के माध्यम से काफी प्रगति की है। उत्पादन के अनेक चरणों में आधुनिक मशीनों एवं तकनीकों का उपयोग किया जाता है, वहीं कुछ प्रक्रियाओं में कुशल एवं अनुभवी कारीगरों की भूमिका आज भी महत्वपूर्ण बनी हुई है। विद्यार्थियों को यह भी बताया गया कि उत्पादन की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए प्रत्येक चरण में निर्धारित मानकों एवं गुणवत्ता की जांच का पालन किया जाता है। औद्योगिक भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों को निर्यात कारोबार से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां भी प्रदान की गईं। राजीव मिश्रा ने बताया कि डावर फुटवियर इंडस्ट्रीज घरेलू बाजार के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी अपने उत्पादों की आपूर्ति करता है। उन्होंने विद्यार्थियों को अंतरराष्ट्रीय बाजार में उत्पाद निर्यात करने के लिए आवश्यक गुणवत्ता मानकों, अनुपालन नियमों एवं दस्तावेजी प्रक्रियाओं के बारे में जानकारी दी। श्री मिश्रा ने सलाह दी कि वे अपने करियर के लिए अंतरराष्ट्रीय व्यापार प्रक्रियाओं, गुणवत्ता मानकों, बाजार की मांग के विश्लेषण एवं वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला का ज्ञान विकसित करें। उन्होंने कहा कि स्थानीय विनिर्माण इकाइयां आज वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुकी हैं और इस क्षेत्र में प्रशिक्षित एवं कुशल प्रबंधन पेशेवरों के लिए रोजगार के अनेकों अवसर उपलब्ध हैं।

तीन दिवसीय कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को वरिष्ठ अधिकारियों के साथ संवाद करने का अवसर भी मिला। संवाद सत्र में विद्यार्थियों ने कार्यस्थल की संस्कृति, उत्पादन संबंधी चुनौतियों, गुणवत्ता प्रबंधन, मानव संसाधन, निर्यात व्यवस्था एवं उद्योग जगत की अपेक्षाओं से संबंधित विभिन्न प्रश्न पूछे। अधिकारियों ने विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए उन्हें उद्योग की वास्तविक आवश्यकताओं से अवगत कराया। संस्थान के निदेशक डॉ. अमर कुमार सक्सेना ने कहा कि औद्योगिक भ्रमण विद्यार्थियों को प्रबंधन की पुस्तकीय अवधारणाओं को वास्तविक व्यावसायिक परिस्थितियों में समझने का अवसर प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि बीबीए विद्यार्थियों के लिए उत्पादन, मानव संसाधन, गुणवत्ता नियंत्रण एवं निर्यात जैसी प्रक्रियाओं का प्रत्यक्ष अनुभव उनके व्यावसायिक ज्ञान को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। संस्थान के चेयरमैन डॉ. रामकिशोर अग्रवाल ने कहा कि वर्तमान प्रतिस्पर्धात्मक दौर में विद्यार्थियों के लिए शिक्षा के साथ व्यावहारिक अनुभव भी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि आरएटीएम का निरंतर प्रयास है कि विद्यार्थियों को उद्योग जगत से जोड़कर उन्हें वास्तविक कार्यप्रणाली, आधुनिक तकनीक एवं रोजगार की आवश्यकताओं से परिचित कराया जाए, ताकि वे भविष्य में कुशल एवं योग्य पेशेवर के रूप में अपनी पहचान बना सकें। डावर फुटवियर इंडस्ट्रीज का यह औद्योगिक भ्रमण विद्यार्थियों के लिए अत्यंत ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायक रहा। विद्यार्थियों ने कहा कि उन्हें निर्माण प्रक्रिया, गुणवत्ता नियंत्रण, मानव संसाधन प्रबंधन, निर्यात व्यापार एवं वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला को करीब से समझने का अवसर मिला। कार्यक्रम के सफल आयोजन में आरएटीएम के प्रशिक्षण एवं रोजगार विभाग, संबंधित शिक्षकों तथा डावर फुटवियर इंडस्ट्रीज के प्रबंधन एवं अधिकारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Posts

You cannot copy content of this page