
हाथरस 24 सितम्बर। विशेष न्यायाधीश (एससी/एसटी एक्ट) की अदालत ने मुकदमे की सुनवाई के दौरान साक्षी के रूप में उपस्थित नहीं होने पर तत्कालीन सादाबाद एसएचओ निरीक्षक डीके सिसौदिया के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया है। अदालत ने एसएसपी अलीगढ़ को पत्र भेजकर अदालत के आदेशों और डीआईजी के निर्देशों का अनुपालन नहीं होने के संबंध में स्पष्टीकरण भी तलब किया है। निरीक्षक डीके सिसौदिया वर्तमान में अलीगढ़ के गोंडा थाने में तैनात हैं। मामला सादाबाद के मोहल्ला कश्यप नगर में 26 अप्रैल की शाम दो पक्षों के बीच हुए विवाद के दौरान चली गोली से एक किशोर की मौत से जुड़ा है, जिसमें पांच लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी और प्रकरण में न्यायालय में साक्ष्य की कार्यवाही चल रही है। निरीक्षक डीके सिसौदिया को गवाही के लिए कई तारीखों पर उपस्थित होना था, लेकिन उनके अदालत में उपस्थित नहीं होने पर पहले भी कार्रवाई की गई थी। अदालत ने 2 सितंबर 2026 को आदेश जारी कर उनके वेतन से पांच हजार रुपये की कटौती कर न्यायालय में जमा कराने के निर्देश दिए थे। इसके बाद डीआईजी अलीगढ़ ने 17 सितंबर को पत्र जारी कर एसएसपी अलीगढ़ को गवाह को न्यायालय में पेश कराने के निर्देश दिए थे, लेकिन इसके बावजूद निरीक्षक उपस्थित नहीं हुए। मामले में अदालत ने एसएसपी अलीगढ़ से स्पष्टीकरण मांगा है कि अदालत के आदेशों एवं डीआईजी के निर्देशों का अनुपालन न करने और गवाह को न्यायालय में प्रस्तुत न करने पर उनके विरुद्ध अवमानना की कार्रवाई क्यों न की जाए। साथ ही एसएसपी अलीगढ़ को निर्देश दिया गया है कि निरीक्षक डीके सिसौदिया को गैर-जमानती वारंट के माध्यम से गिरफ्तार कर 6 अक्टूबर 2026 तक न्यायालय में प्रस्तुत किया जाए।




