हाथरस 24 सितम्बर। दहेज की मांग पूरी न होने पर विवाहिता को ससुरालियों द्वारा पीटकर घर से निकालने और उसका स्त्रीधन छीनने का मामला सामने आया है। आरोप है कि विवाहिता ने मायके वालों को बुलाया तो ससुरालियों ने बाहरी लोगों को बुलाकर उसके और उसकी मां के साथ भी मारपीट की। महिला थाना में शिकायत के बाद कार्रवाई न होने पर पीड़िता ने अदालत की शरण ली। अब पुलिस ने शिकायत के आधार पर अभियोग दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। तमना की गढ़ी, थाना हाथरस गेट निवासी भावना पुत्री विजेंद्र सिंह ने बताया कि उसकी शादी 9 जुलाई 2022 को सुदामा पुत्र जगदीश निवासी जिंद पट्टी बिसाना, थाना चंदपा के साथ हुई थी। पीड़िता के अनुसार, उसके पिता ने शादी में करीब छह लाख रुपये खर्च किए थे। दहेज में डबल बेड, अलमारी, फ्रिज, वाशिंग मशीन, एलईडी टीवी, कूलर, बर्तन, कपड़े, सोने की चेन-अंगूठी और 51 हजार रुपये नकद दिए गए थे। आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद ही पति सुदामा, ससुर, सास और ननद दहेज से संतुष्ट नहीं हुए और बाइक तथा दो लाख रुपये की अतिरिक्त मांग करने लगे। मांग पूरी न होने पर विवाहिता के साथ गाली-गलौज और लाठी-डंडों व बेल्ट से मारपीट कर प्रताड़ित करने का आरोप है।
भावना के अनुसार, पहले भी उसने महिला थाने में शिकायत की थी। उस समय ससुरालियों ने समझौता पत्र लिखकर उसे अपने साथ ले गए थे। आरोप है कि इसके बावजूद उत्पीड़न बंद नहीं हुआ। पीड़िता ने बताया कि 23 जून 2026 को दोपहर करीब 12 बजे बाइक और दो लाख रुपये की मांग को लेकर ससुरालियों ने उसके साथ मारपीट की और पहने हुए कपड़ों में ही घर से बाहर निकाल दिया। आरोप है कि उसे धमकी दी गई कि जब तक मांग पूरी नहीं होगी, उसे घर में प्रवेश नहीं करने दिया जाएगा। इसके बाद भावना ने अपने मायके वालों को सूचना देकर बुलाया। आरोप है कि ससुरालियों ने गांव के ही आकाश, पंतरा, विजय और सागर को बुला लिया और भावना तथा उसकी मां सीमा देवी के साथ लाठियों से मारपीट की। आरोप है कि उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई। घटना की सूचना 112 नंबर पर दी गई, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों को बचाया। पीड़िता के अनुसार, महिला थाना में शिकायत के बाद भी रिपोर्ट दर्ज नहीं होने पर उसने अदालत की शरण ली। अब पुलिस ने शिकायत के आधार पर अभियोग पंजीकृत कर मामले की जांच शुरू कर दी है।





