Hamara Hathras

Latest News

सासनी 18 सितम्बर। छहढाला के रचयिता पंडित दौलतराम जी की नगरी सासनी स्थित श्री 1008 पदम प्रभु दिगम्बर जैन मंदिर में पर्वराज दसलक्षण धर्म महापर्व श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। महापर्व को लेकर जैन समाज में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। मंदिर परिसर में प्रतिदिन धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों के चलते वातावरण भक्तिमय बना हुआ है। दसलक्षण महापर्व के दौरान प्रतिदिन प्रातःकाल गाजे-बाजे के साथ श्रीजी का भव्य अभिषेक किया जा रहा है। अभिषेक के बाद विधि-विधानपूर्वक पूजा-अर्चना होती है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचकर श्रीजी के दर्शन एवं पूजन कर धर्मलाभ प्राप्त कर रहे हैं। इस दौरान मंदिर परिसर धार्मिक जयघोष से गूंज उठता है।

सायंकाल गाजे-बाजे के साथ श्रीजी की मंगल आरती की जाती है, जिसमें समाज के महिला-पुरुष, युवा और बच्चे उत्साहपूर्वक भाग लेते हैं। आरती के बाद प्रतिदिन विभिन्न धार्मिक, ज्ञानवर्धक एवं मनोरंजक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें बच्चों से लेकर बड़े तक बढ़-चढ़कर सहभागिता कर रहे हैं। कार्यक्रम का विशेष आकर्षण भजन संध्या रहती है। भक्तिमय भजनों की स्वर लहरियों से मंदिर परिसर गूंज उठता है और श्रद्धालु भक्ति में भाव-विभोर होकर भगवान की आराधना करते हैं। महापर्व के दौरान उत्तम क्षमा, मार्दव, आर्जव, शौच, सत्य, संयम, तप, त्याग, आकिंचन्य और ब्रह्मचर्य इन दस धर्मों के आध्यात्मिक महत्व को समझाया जा रहा है। श्रद्धालु इन धर्मों को अपने जीवन में आत्मसात करने का संकल्प लेते हुए आत्मशुद्धि, संयम और सदाचार की ओर अग्रसर हो रहे हैं। धार्मिक आयोजनों एवं प्रतियोगिताओं के माध्यम से नई पीढ़ी को जैन धर्म के सिद्धांतों और संस्कारों से जोड़ने का भी प्रयास किया जा रहा है। महापर्व के चलते सुबह से शाम तक मंदिर परिसर में भक्ति और आध्यात्मिकता की अनुपम छटा देखने को मिल रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Posts

You cannot copy content of this page