
हाथरस 18 जून । शहर के विद्यापति नगर निवासी युवक दिशू की आत्महत्या के बाद कथित अवैध कमेटी संचालन का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। मंगलवार को बड़ी संख्या में पीड़ित लोग पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और आरोपी कमेटी संचालक के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई तथा अपनी जमा पूंजी वापस दिलाने की मांग की। पीड़ितों का आरोप है कि उन्होंने आरोपी के पास लाखों रुपये निवेश किए थे, लेकिन अब उन्हें उनका पैसा वापस नहीं मिल रहा है। पीड़ितों का कहना है कि वे आर्थिक और मानसिक रूप से परेशान हैं तथा कई लोग कर्ज के बोझ तले दब गए हैं।
पुलिस अधीक्षक को दिए गए प्रार्थना पत्र के बाद मामले को गंभीरता से लेते हुए कोतवाली सदर पुलिस को जांच के निर्देश दिए गए। इसके बाद बुधवार शाम को पुलिस ने दोनों पक्षों को कोतवाली बुलाकर मामले की जानकारी ली। पीड़ित निशु वार्ष्णेय ने बताया कि उन्होंने आरोपी को लगभग चार लाख रुपये दिए थे। वहीं सोनू शर्मा, दीपक सिंह, विष्णु वर्मा, संजय गुप्ता सहित अन्य लोगों का भी लाखों रुपये फंसा हुआ है। पीड़ितों का दावा है कि कुल मिलाकर लगभग 50 लाख रुपये से अधिक की धनराशि इस कथित कमेटी में फंसी हुई है। पीड़ितों ने आरोप लगाया कि निवेश करने वाले लोग आज आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। उनका कहना है कि उन्होंने अपनी गाढ़ी कमाई भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए जमा की थी, लेकिन अब उन्हें अपने पैसे वापस मिलने की उम्मीद भी कम नजर आ रही है। मामले को लेकर क्षेत्राधिकारी नगर हिमांशु माथुर ने बताया कि शिकायत प्राप्त हुई है। पुलिस द्वारा पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

























