
हाथरस 15 जून। आगामी 28 जून से प्रारम्भ होने वाले सघन पल्स पोलियो प्रतिरक्षण अभियान एवं नियमित टीकाकरण कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी अतुल वत्स ने कलेक्ट्रेट सभागार में जिला टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की। बैठक में उन्होंने निर्देश दिए कि जनपद में पांच वर्ष से कम आयु का कोई भी बच्चा पोलियो की खुराक पीने से वंचित नहीं रहना चाहिए तथा अभियान को शत-प्रतिशत सफलता के साथ संचालित किया जाए। जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को प्रभावी माइक्रोप्लान तैयार करने तथा आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पोलियो उन्मूलन के लिए जन्म से पांच वर्ष तक के प्रत्येक बच्चे तक पहुंच सुनिश्चित करना आवश्यक है। इसके लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाए तथा ईंट-भट्टों, दूरस्थ क्षेत्रों, आंगनबाड़ी केंद्रों, प्रवासी परिवारों और मलिन बस्तियों में विशेष ध्यान दिया जाए। साथ ही ट्रांजिट एवं मोबाइल टीमों को सक्रिय रखते हुए प्रत्येक पात्र बच्चे तक पोलियो की खुराक पहुंचाने के निर्देश दिए। डीएम अतुल वत्स ने कहा कि पोलियो की दवा बच्चों को आजीवन अपंगता जैसी गंभीर बीमारी से बचाने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने निर्देशित किया कि बूथ दिवस पर किसी कारणवश छूट जाने वाले बच्चों की पहचान कर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, आशा बहुओं और स्वास्थ्य विभाग की टीमों के माध्यम से घर-घर जाकर उन्हें पोलियो की खुराक पिलाई जाए, ताकि कोई भी बच्चा अभियान से वंचित न रहे। बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने अभियान की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि 28 जून 2026 को बूथ दिवस आयोजित किया जाएगा, जिसमें 0 से 5 वर्ष तक के बच्चों को पोलियो की दवा पिलाई जाएगी। इसके बाद 29 जून से 3 जुलाई तक स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर बच्चों को पोलियो की खुराक उपलब्ध कराएंगी। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, ईंट-भट्टों तथा अन्य सार्वजनिक स्थलों पर ट्रांजिट एवं मोबाइल टीमों की तैनाती भी की जाएगी। अभियान की निगरानी के लिए सुपरवाइजर नियुक्त किए गए हैं। उन्होंने बताया कि 6 जुलाई 2026 को विशेष अभियान चलाकर उन बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई जाएगी, जो किसी कारणवश पूर्व चरणों में छूट गए हों। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, एमओआईसी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।


























