
हाथरस 21 अगस्त। कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय, टुकसान में छात्राओं द्वारा मुख्यमंत्री को संबोधित करते हुए अपने मन की बात, अपेक्षाओं, सपनों एवं सुझावों पर आधारित चिट्ठी लेखन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में छात्राओं ने जिलाधिकारी अतुल वत्स, पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा एवं मुख्य विकास अधिकारी पीएन दीक्षित को पुष्प भेंट कर स्वागत किया। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को अपनी भावनाओं, विचारों एवं भविष्य की आकांक्षाओं को पत्र के माध्यम से व्यक्त करने का अवसर प्रदान करना रहा। इस अवसर पर जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक एवं मुख्य विकास अधिकारी ने विद्यालय पहुंचकर छात्राओं से संवाद किया। अधिकारियों ने छात्राओं की रुचियों, पढ़ाई और भविष्य के लक्ष्यों के बारे में जानकारी ली। इस दौरान छात्राओं से आईपीएस अधिकारी किरण बेदी के जीवन परिचय के संबंध में भी जानकारी प्राप्त की गई। जिलाधिकारी अतुल वत्स ने छात्राओं से कहा कि शिक्षा के साथ-साथ शारीरिक विकास भी जरूरी है। उन्होंने छात्राओं को अपनी रुचि के अनुसार खेलों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि नियमित खेलकूद से शरीर स्वस्थ रहने के साथ आत्मविश्वास और अनुशासन की भावना भी विकसित होती है। उन्होंने छात्राओं को खून की कमी दूर करने के लिए आयरन युक्त हरी पत्तेदार सब्जियों एवं पौष्टिक आहार का सेवन करने की सलाह दी। साथ ही स्वच्छता और साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने को कहा।
जिलाधिकारी ने बताया कि छात्राओं को अपनी भावनाओं और विचारों की अभिव्यक्ति का अवसर देने के उद्देश्य से ‘पत्र लेखन पहल’ शुरू की गई है। इसके माध्यम से विद्यार्थी अपने विचार, सुझाव और देश के विकास से जुड़े दृष्टिकोण को पत्र के जरिए मुख्यमंत्री तक पहुंचा सकते हैं। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा बच्चों के लिए ‘योगी की पाती’ के माध्यम से अपने विचार एवं भावनाएं साझा की जाती हैं। इसी क्रम में बच्चों में भी अपने विचार व्यक्त करने और उन्हें मुख्यमंत्री तक पहुंचाने की भावना विकसित करने के उद्देश्य से यह पहल की गई है। उन्होंने कहा कि छात्राओं को समाचार-पत्र पढ़ने के लिए भी प्रोत्साहित किया जा रहा है, ताकि उनमें समसामयिक विषयों के प्रति जागरूकता विकसित हो। जनपद के सरकारी, निजी, सहायता प्राप्त विद्यालयों के साथ कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों को भी इस मुहिम से जोड़ा जा रहा है। अब तक करीब 7-8 विद्यालयों में यह पहल संचालित की जा चुकी है। विद्यार्थियों ने बड़ी संख्या में चिट्ठियां लिखकर देश को आगे ले जाने के लिए अपने विचार, सुझाव और मुख्यमंत्री के लिए संदेश व्यक्त किए हैं।
जिलाधिकारी ने कहा कि आज की युवा पीढ़ी सोशल मीडिया, रील्स और शॉर्ट्स की ओर तेजी से आकर्षित हो रही है। ऐसे समय में बच्चों को पेन और पेपर से जोड़ना तथा अपने विचारों को लिखित रूप में व्यक्त करने के लिए प्रेरित करना इस पहल का महत्वपूर्ण उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि कई विद्यार्थियों ने बताया कि उन्होंने इससे पहले कभी पत्र नहीं लिखा और यह उनके लिए पहला अवसर है। ऐसे में यह पहल बच्चों को लेखन से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रयास है। उन्होंने बताया कि पत्र लेखन पहल के साथ-साथ जनपद के विद्यालयों में स्वास्थ्य शिविर भी आयोजित किए जा रहे हैं। मोबाइल मेडिकल यूनिट के माध्यम से विद्यार्थियों का डेंटल चेकअप तथा ऑटो एनालाइजर से सीबीसी सहित रक्त संबंधी जांच की जा रही है। इससे एनीमिया अथवा तत्काल चिकित्सकीय हस्तक्षेप की आवश्यकता वाले विद्यार्थियों की समय से पहचान कर उन्हें आवश्यक चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने में मदद मिल रही है। जिलाधिकारी ने कहा कि विद्यार्थियों में प्रतिभा, ऊर्जा और सपने हैं। आवश्यकता है कि उन्हें उचित मार्गदर्शन, स्वस्थ वातावरण और अपनी बात कहने का अवसर मिले। पत्र लेखन, स्वास्थ्य जागरूकता और विद्यार्थियों से संवाद की यह पहल इसी दिशा में एक सार्थक प्रयास है। कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी अतुल वत्स एवं पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा ने छात्राओं को चॉकलेट एवं स्टेशनरी किट वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया। जिलाधिकारी ने विद्यालय की वार्डन को परिसर में फलदार पौधे लगाने के निर्देश भी दिए।













