
अलीगढ़ 15 अप्रैल । मंगलायतन विश्वविद्यालय के ऑडिटोरियम में राष्ट्रीय सेवा योजना की प्रथम इकाई द्वारा “शक्ति पथ: लोकतंत्र में महिलाओं का नेतृत्व” विषय पर एक प्रेरणादायक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 के संदर्भ में आयोजित किया गया, जिसमें महिलाओं की राजनीतिक एवं सामाजिक भागीदारी पर विशेष चर्चा हुई।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ तथा प्रो जितेन्द्र सिंह, विभागाध्यक्ष पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग ने अतिथियों का अंगवस्त्र पहनाकर सम्मान किया । मुख्य अतिथि के रूप में कुलसचिव डॉ. समरवीर सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि अब महिलाएं केवल घर-परिवार तक सीमित नहीं हैं, बल्कि राजनीति और संसद में भी समान भूमिका निभाने के लिए आगे बढ़ रही हैं। वक्ताओं में प्रो. अंबरीश शर्मा ने कहा कि विश्वविद्यालय सदैव नारी सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध है और समाज में समय के साथ महिलाओं को अधिक अवसर मिल रहे हैं, हालांकि अभी भी कई क्षेत्रों में सुधार की आवश्यकता है। प्रो. दिनेश पांडेय ने कहा कि हम व्यवस्था का हिस्सा हैं, इसलिए जो अवसर मिल रहे हैं उन्हें स्वीकार करते हुए आगे बढ़ना होगा, परंतु महिलाओं का सफर अभी भी संघर्षपूर्ण है। प्रो. मनीषा शर्मा ने 33 प्रतिशत आरक्षण को एक सकारात्मक कदम बताते हुए कहा कि वास्तविक समानता के लिए महिलाओं को आधा प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए। प्रो. दीपशिखा सक्सेना ने महिलाओं की वर्तमान स्थिति में सुधार की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि महिलाओं को अपने नेतृत्व की जिम्मेदारी स्वयं संभालनी होगी। प्रो. गुंजन रानी चौधरी ने महिलाओं को मुख्यधारा से जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया और कहा कि 33 प्रतिशत आरक्षण महिलाओं की दिशा और दशा दोनों तय करेगा।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने भी अपने विचार व्यक्त किए। पत्रकारिता के विद्यार्थियों सोमी, मुकेश, गुंजन ने कहा कि “बदलाव हमसे ही शुरू होता है”, वहीं संचालिका और वक्ता के रूप में कम्प्यूटर साइंस के छात्रा अंशिका और कला संकाय के छात्र मायाशंकर ने महिलाओं की भागीदारी को लोकतंत्र की मजबूती के लिए आवश्यक बताया।अंत में डॉ. पूनम रानी द्वारा धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम अधिकारी डॉ. मनीषा उपाध्याय रहीं।
राष्ट्रीय सेवा योजना की छठवीं इकाई ने नारी शक्ति दीवार आयोजित किया। सहभागिता एवं जागरूकता बढ़ाने के लिए शिक्षकों और विद्यार्थियों ने कार्यक्रम में भाग लिया। सभी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 के समर्थन में दीवार पर अपने विचार लिखे और हस्ताक्षर कर समर्थन दिया। यह कार्यक्रम महिलाओं के सशक्तिकरण और लोकतंत्र में उनकी सक्रिय भूमिका को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ। इसका आयोजन इकाई की कार्यक्रम अधिकारी भावना राज ने किया। स्वयसेवकों ने भी इन दिनों कार्यक्रमों में बढ़चढ़कर भाग लिया। इस अवसर पर प्रो. प्रमोद शर्मा, प्रो आरके शर्मा, डॉ. विकास शर्मा, डॉ. हैदर अली, डॉ. शगुफ्ता परवीन, डॉ. पूनम गुप्ता, डॉ. हिरदेश यादव, डॉ. तारिक अनवर देवाशीष चक्रवर्ती, अजय राठौर, मयंक जैन, राहुल देव, रामानंद मिश्रा, डॉ वाईपी गौर, डॉ संजय पाल, दीपिका गुप्ता आदि के अलावा सभी स्वयं सेवक उपस्थित रहे।























