
हाथरस 16 अक्टूबर । मथुरा और अलीगढ़ के बीच सीधी रेल कनेक्टिविटी विकसित करने की प्रस्तावित योजना को लेकर रेलवे ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज मंडल के मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) रजनीश अग्रवाल ने बृहस्पतिवार को हाथरस जंक्शन रेलवे स्टेशन और यार्ड का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्रस्तावित कॉर्ड लाइन से जुड़े विभिन्न तकनीकी पहलुओं की जानकारी ली और अधिकारियों के साथ ट्रैक कनेक्टिविटी की संभावनाओं पर चर्चा की। डीआरएम रजनीश अग्रवाल सुबह मगध एक्सप्रेस से दिल्ली की ओर जाते समय हाथरस जंक्शन स्टेशन पर कुछ देर के लिए रुके। इस दौरान उन्होंने स्टेशन और यार्ड की स्थिति का प्राथमिक जायजा लिया। इसके बाद दोपहर में वह सड़क मार्ग से दोबारा हाथरस जंक्शन पहुंचे और करीब एक घंटे तक स्टेशन परिसर तथा यार्ड का निरीक्षण किया।
मेंडू स्टेशन को हाथरस जंक्शन से जोड़ने की योजना
प्रस्तावित कॉर्ड लाइन परियोजना के तहत पूर्वोत्तर रेलवे के मेंडू स्टेशन को हाथरस जंक्शन से जोड़ने की योजना है। इस कनेक्टिविटी के विकसित होने से मथुरा और अलीगढ़ के बीच सीधी रेल सेवा शुरू करने की संभावनाएं बन सकती हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए डीआरएम ने यार्ड के पूर्वी और पश्चिमी छोर की भौगोलिक स्थिति, ट्रैक कनेक्टिविटी और सिग्नलिंग प्वाइंट्स की जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों से कॉर्ड लाइन को मुख्य रेल मार्ग से जोड़ने की तकनीकी संभावनाओं पर भी चर्चा की गई। रेलवे के स्तर पर इस तरह के निरीक्षण को प्रस्तावित रेल कनेक्टिविटी से जुड़े बुनियादी ढांचे और तकनीकी व्यवस्थाओं के आकलन के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
नए टिन शेड से पानी टपकने पर जताई नाराजगी
निरीक्षण के दौरान प्लेटफॉर्म नंबर एक पर लगाए गए नए टिन शेड से बारिश का पानी टपकता देखकर डीआरएम ने नाराजगी जताई। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को लीकेज की समस्या तत्काल दूर कराने के निर्देश दिए, ताकि यात्रियों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
सीधी रेल कनेक्टिविटी से बढ़ सकती है सुविधा
मथुरा और अलीगढ़ के बीच सीधी रेल कनेक्टिविटी की प्रस्तावित योजना हाथरस क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है। कॉर्ड लाइन परियोजना आगे बढ़ने पर रेल परिचालन को अधिक सुविधाजनक बनाने और यात्रियों को बेहतर कनेक्टिविटी उपलब्ध कराने की संभावनाएं बनेंगी। हालांकि, परियोजना की समयसीमा और निर्माण कार्य को लेकर अभी किसी अंतिम निर्णय की जानकारी सामने नहीं आई है।






