
हाथरस 24 सितम्बर। थाना हसायन क्षेत्र में वर्ष 2015 में हुई चोरी, लूट और महिला से दुष्कर्म के मामले में करीब 11 वर्ष बाद न्यायालय ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए कड़ी सजा सुनाई है। पुलिस के अनुसार 16 दिसंबर 2015 को रामखिलाड़ी पुत्र मुंशीलाल निवासी अजमतपुर अजगरा, थाना हसायन ने सूचना दी थी कि उसके घर में अज्ञात चोरों द्वारा चोरी की गई है। तहरीर के आधार पर थाना हसायन में मुकदमा संख्या 439/2015 धारा 379 भादवि के तहत अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। विवेचना के दौरान वादी, गवाहों के बयान और घटनास्थल के निरीक्षण से जानकारी सामने आई कि चोरी के दौरान घर में मौजूद महिला के साथ दुष्कर्म भी किया गया था। इसके बाद मुकदमे में धारा 376डी, 412 भादवि एवं एससी/एसटी अधिनियम की धाराओं की बढ़ोतरी की गई। विवेचना के दौरान अभियुक्त जाहिद पुत्र राशिद निवासी मोहनपुर, थाना अवागढ़, जनपद एटा, हाल निवासी गड्ढा मोहल्ला, पुरदिलनगर, थाना सिकंदराराऊ, जनपद हाथरस को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। पुलिस द्वारा 11 जनवरी 2016 को आरोप पत्र संख्या 2/2016 न्यायालय में दाखिल किया गया। पुलिस के मुताबिक शासन के निर्देशों तथा पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश द्वारा चलाए जा रहे “ऑपरेशन कन्विक्शन” अभियान के तहत अभियोग की प्रभावी पैरवी के लिए मॉनीटरिंग सेल एवं अभियोजन शाखा द्वारा लगातार पैरवी की गई। इसी क्रम में 24 सितंबर 2026 को एससी/एसटी कोर्ट, हाथरस ने अभियुक्त जाहिद को धारा 376डी के तहत आजीवन कारावास एवं 25 हजार रुपये अर्थदंड, धारा 395 भादवि के तहत आजीवन कारावास एवं 25 हजार रुपये अर्थदंड, धारा 397 भादवि के तहत 10 वर्ष का कारावास तथा धारा 412 भादवि के तहत 10 वर्ष का कारावास एवं 25 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। पुलिस ने बताया कि प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप न्यायालय द्वारा अभियुक्त को दोषसिद्ध कर यह सजा सुनाई गई है।







