
हाथरस 11 सितम्बर। “ऑपरेशन कन्विक्शन” अभियान के तहत हाथरस पुलिस की प्रभावी पैरवी के चलते वर्ष 2012 में थाना मुरसान में दर्ज डकैती के मामले में न्यायालय ने सात अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए 10-10 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। थाना मुरसान पर पंजीकृत मु0अ0सं0 177/2012 में धारा 395/397/412 भादवि के तहत टिल्लो उर्फ कृष्ण गोपाल, मनीष पुजारी, केशव पहलवान, हरिकिशन, महेश सिंह, पिन्टू उर्फ विक्रम तथा हरिओम परासर उर्फ कनेटा के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस के अनुसार मामले की विवेचना तत्परता एवं गुणवत्ता के साथ पूरी कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया गया था। अभियुक्तों को अधिकाधिक दंड दिलाने के लिए शासन के दिशा-निर्देशों और पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश द्वारा चलाए जा रहे “ऑपरेशन कन्विक्शन” अभियान के तहत पुलिस अधीक्षक हाथरस के निर्देशन में मामले को चिन्हित अभियोग के रूप में प्राथमिकता दी गई। मॉनीटरिंग सेल हाथरस द्वारा न्यायालय में विचारण के दौरान प्रभावी पैरवी एवं लगातार मॉनीटरिंग की गई। अभियोजन शाखा द्वारा भी प्रभावी पैरवी की गई। पुलिस के मुताबिक, इसी प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप 11 सितंबर 2026 को माननीय एडीजे-02 हाथरस की अदालत ने अभियुक्त हरिओम, महेश, केशव, हरिकिशन, टिल्लू, पिन्टू और मनीष को धारा 395/397/412 भादवि में 10-10 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही अभियुक्त हरिओम, महेश, केशव और हरिकिशन पर 35-35 हजार रुपये तथा टिल्लू, पिन्टू और मनीष पर 20-20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई।









