हाथरस 02 सितंबर। वन्देमातरम के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित कवि सम्मेलनों की श्रृंखला के चौथे कार्यक्रम का आयोजन काका हाथरसी स्मारक भवन में किया गया। ब्रज कला केन्द्र, राष्ट्रीय कवि संगम एवं संस्कार भारती के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कवि सम्मेलन में साहित्य, कला और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों ने सहभागिता की। कार्यक्रम में पंडित रामवीर उपाध्याय स्मृति सम्मान मुख्य अतिथि सांसद अनूप प्रधान को प्रदान किया गया। साहित्यिक संस्थाओं के समन्वयक एवं आशु कवि अनिल बौहरे, कार्यक्रम अध्यक्ष डॉ. राजेन्द्र कृष्ण अग्रवाल, कुलपति ब्रज संगीत विद्यापीठ तथा संयोजक दीप्ति बार्ष्णेय ने सांसद अनूप प्रधान को प्रशस्ति-पत्र, प्रतीक चिह्न एवं उत्तरीय भेंट कर सम्मानित किया।
इस अवसर पर सांसद अनूप प्रधान ने कहा कि जन्मदिवस जैसे अवसरों पर पुस्तक ‘बधाई है बधाई’ और ‘शुभकामनाएं’ का प्रयोग कर शुभकामनाएं दी जाएं तो निश्चित रूप से लोगों के बीच आपसी स्नेह और सद्भाव बढ़ेगा तथा समाज के सशक्तीकरण को बल मिलेगा। कार्यक्रम के दौरान आशु कवि अनिल बौहरे ने दिवंगत काव्यप्रेमियों एवं साहित्यकारों स्वर्गीय मंत्री रामवीर उपाध्याय, कवि डॉ. वीरेन्द्र तरुण, सेठ हजारी मल बांठिया, ब्रज कवि सुरेश चतुर्वेदी, ब्रज कवि पं. उमाशंकर ओउम, डॉ. केपी शर्मा, कपूरचंद अग्रवाल, चेतन बार्ष्णेय, मदन लाल आजाद, हरीश अरोड़ा, डॉ. पप्पे एवं अख्तर बाबू के व्यक्तित्व एवं कृतित्व का स्मरण किया। उनके छायाचित्रों पर कार्यक्रम अध्यक्ष एवं अतिथियों द्वारा माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी गई। वक्ताओं ने विभिन्न क्षेत्रों की इन विभूतियों के निधन को अपूरणीय क्षति बताया। दिवंगत काव्यप्रेमियों एवं साहित्यकारों की स्मृति में डॉ. राजेन्द्र कृष्ण अग्रवाल को बांठिया स्मृति सम्मान, जबकि श्रीमती दीप्ति बार्ष्णेय, सुचेता जौन, चौधरी जयवीर सिंह, दिनेश अग्निहोत्री आर्य समाजी, रमेशचंद्र अग्रवाल रेडीमेड, मुकेश शर्मा एवं रजत चौधरी को भी सम्मानित किया गया।
इसके बाद कवियों ने अपनी रचनाओं से काव्यप्रेमियों को मंत्रमुग्ध कर दिया। रोशन लाल वर्मा, पूरन सागर, सोनाली बार्ष्णेय, गोपाल कृष्ण एवं दिनेश अग्निहोत्री ने काव्य पाठ कर खूब तालियां बटोरीं और काव्य मंच पर समां बांध दिया। कार्यक्रम में अमित कुशवाह, डॉ. सुनीता उपाध्याय, शशि बार्ष्णेय, डिम्पल बार्ष्णेय, श्वेता बार्ष्णेय, जीवन लाल शर्मा, राजकुमार पचौरी, हर्ष बार्ष्णेय, सुरेन्द्र बांठिया, पुष्पेन्द्र दिवाकर, श्याम बाबू चिंतन एवं डॉ. रघुकुल दुबे सहित अनेक लोग मौजूद रहे। इस दौरान सांसद अनूप प्रधान ने ब्रज भाषा कवि सम्मेलन के संयोजक आशु कवि अनिल बौहरे तथा स्वागताध्यक्ष चौधरी जयवीर सिंह, जीवन लाल एवं मुकेश शर्मा को भी सम्मानित किया। ब्रज कला केन्द्र के महामंत्री सुरेश अग्रवाल ने सभी अतिथियों एवं उपस्थितजनों का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम की व्यवस्थाओं में सुकवि ग़ाफ़िल स्वामी, सोनाली बार्ष्णेय, लक्ष्मण सिंह, सूरजपाल एवं राधा कर्ण ने सहयोग किया। कार्यक्रम का संचालन आशु कवि अनिल बौहरे ने किया। अंत में आगामी पांचवें कवि सम्मेलन का आयोजन 3 सितंबर को किए जाने की घोषणा के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।













