सादाबाद 29 अगस्त । कोतवाली पुलिस ने छह युवकों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। इन पर नौकरी दिलाने का झांसा देकर लोगों के बैंक खाते खुलवाने और उनमें धोखाधड़ी का पैसा जमा कराकर निकालने का आरोप है। रिपोर्ट नगला मेवा निवासी दीपक कुमार ने दर्ज कराई है।
दीपक कुमार के अनुसार, सहपऊ के मोहल्ला शुक्लयाना निवासी अनंत कौशिक, जो उसके साथ 12वीं कक्षा में पढ़ता था, उसे बाजार में मिला। अनंत ने उसे 35-40 हजार रुपये की नौकरी दिलाने का वादा किया और बताया कि उसे कंपनी से एक टारगेट मिला है। फरवरी महीने में अनंत अपने साथियों प्रतीक शर्मा, प्रसून (कस्बा सहपऊ), हर्ष शर्मा, गौरव शर्मा (नगला सुखराम) और निशांत (गांव ढकपुरा) के साथ दीपक के घर आया। इन युवकों ने नौकरी लगवाने के नाम पर दीपक से आधार कार्ड, पैन कार्ड, फोटो और फिंगर मशीन से उसके फिंगरप्रिंट लिए। उन्होंने बताया कि उसका नौकरी के लिए रजिस्ट्रेशन हो गया है और सूचना जल्द दी जाएगी। इसी तरह, उन्होंने गांव के जितेंद्र, मोहनवीर और शिवम के भी आधार कार्ड, पैन कार्ड, फोटो और फिंगरप्रिंट लिए, यह कहकर कि उनके भी नौकरी के रजिस्ट्रेशन हो गए हैं। सभी युवक नौकरी का इंतजार करते रहे। 11 अगस्त को साइबर क्राइम थाना जोधपुर से मोहनवीर और जितेंद्र के पास एक नोटिस आया। इसमें बताया गया था कि उनके खातों में धोखाधड़ी का पैसा आया है। तब उन्हें पता चला कि इन युवकों ने धोखे से उनके खाते डीसीबी बैंक में खुलवा दिए थे। इन खातों में बड़ी मात्रा में धोखाधड़ी का पैसा आया और आरोपियों ने उसे निकाल लिया। सीओ जेएन अस्थाना ने बताया कि कोतवाली पुलिस प्रतीक शर्मा, प्रसून और अनंत कौशिक के खिलाफ पहले ही एक मुकदमा दर्ज कर चुकी है। पुलिस इस मामले में शामिल अन्य लोगों की भी तलाश कर रही है। जांच जारी है। सीओ ने क्षेत्र के लोगों से अपील की है कि यदि उनके साथ भी ऐसी ही धोखाधड़ी हुई है, तो वे सहपऊ कोतवाली में प्रार्थना पत्र दें, ताकि इस पूरे गिरोह का पर्दाफाश किया जा सके।












