
हाथरस 23 मई । क्षेत्र की कचौरा चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक जंगजीत सिंह को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किए जाने के बाद अलीगढ़ की एंटी करप्शन कोर्ट ने न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। एंटी करप्शन टीम ने शुक्रवार को उन्हें 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए पकड़ा था। कार्रवाई के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मचा हुआ है और चौकी में तैनात पुलिसकर्मियों में भी जांच को लेकर चिंता बनी हुई है।
जानकारी के अनुसार सिकंदराराऊ के गांव जुलापुर निवासी रीना पत्नी अनिल ने 10 मई को गांव के चार लोगों के खिलाफ मारपीट और अभद्र व्यवहार का मुकदमा दर्ज कराया था। पीड़िता आरोपियों की गिरफ्तारी और कार्रवाई के लिए लगातार कचौरा चौकी एवं सिकंदराराऊ थाने के चक्कर लगा रही थी। महिला का आरोप है कि चौकी प्रभारी जंगजीत सिंह आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करने के बदले 10 हजार रुपये की रिश्वत मांग रहे थे। इससे परेशान होकर पीड़िता ने भ्रष्टाचार निवारण संगठन अलीगढ़ में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर आगरा और अलीगढ़ की संयुक्त ट्रैप टीम गठित की गई। शुक्रवार रात करीब 8 बजे जैसे ही पीड़िता ने केमिकल लगे 500-500 रुपये के नोट चौकी प्रभारी को दिए, एंटी करप्शन टीम ने उन्हें रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद टीम ने चौकी पर ही आवश्यक कानूनी और कागजी कार्रवाई पूरी की। इसके बाद आरोपी दारोगा को कोतवाली हाथरस जंक्शन लाया गया। आज एंटी करप्शन टीम ने आरोपी को अलीगढ़ की एंटी करप्शन कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। इस कार्रवाई के बाद पुलिस विभाग में चर्चाओं का माहौल बना हुआ है। वहीं चौकी पर तैनात कुछ कर्मचारियों में भी जांच को लेकर भय का माहौल है। सूत्रों के अनुसार एंटी करप्शन टीम आगे की जांच और पूछताछ के लिए दोबारा चौकी पहुंच सकती है।























