
हाथरस 28 अप्रैल । जनता दर्शन में प्राप्त एक शिकायत की पारदर्शिता और सत्यता जांचने के लिए जिलाधिकारी अतुल वत्स ने कड़ा रुख अपनाया है। गाँव बघना निवासी शिकायतकर्ता राधे सिसोदिया द्वारा अमीन पर लगाए गए आरोपों की पुष्टि के लिए जिलाधिकारी स्वयं शिकायतकर्ता को साथ लेकर तहसील हाथरस स्थित संग्रह कार्यालय पहुंचे। वहाँ उन्होंने आरसी पंजिका, रसीद बही और मास्टर पंजिका जैसे महत्वपूर्ण अभिलेखों का गहन परीक्षण किया। जांच के दौरान जब शिकायतकर्ता द्वारा फसली ऋण के सापेक्ष अमीन को दी गई धनराशि और बैंक में वास्तव में जमा की गई राशि का मिलान किया गया, तो प्रथम दृष्टया गंभीर अनियमितता सामने आई। यह पाया गया कि अमीन को दी गई रकम की तुलना में बैंक में काफी कम धनराशि जमा की गई है।
मामले की गंभीरता और वित्तीय गबन की आशंका को देखते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल निष्पक्ष जांच के आदेश दिए हैं। इस प्रकरण की विस्तृत जांच के लिए प्रभारी अधिकारी कलेक्ट्रेट धर्मेंद्र सिंह और उप जिलाधिकारी सदर राज बहादुर सिंह को जांच अधिकारी नामित किया गया है। जिलाधिकारी ने सख्त निर्देश दिए हैं कि मामले की तह तक जाकर शीघ्र रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि सरकारी धन के लेन-देन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या भ्रष्टाचार पाए जाने पर संबंधित कर्मचारी के विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी। निरीक्षण के समय एसडीएम सदर, पटल लिपिक और संबंधित अमीन सहित अन्य राजस्व कर्मी मौजूद रहे।























