
हाथरस 26 अप्रैल । महिला आरक्षण विधेयक को लेकर आज हाथरस की सड़कों पर नारी शक्ति का जबरदस्त आक्रोश देखने को मिला। विधेयक के समर्थन में और विपक्षी दलों द्वारा इसके विरोध के खिलाफ सैकड़ों महिलाओं ने विशाल पदयात्रा निकाली और बागला चौराहा पर विपक्षी दलों का पुतला दहन कर अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत जिले भर से बड़ी संख्या में महिलाएं श्रीकृष्ण गौशाला सत्संग भवन में एकत्रित हुईं। सभा में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश सरकार की कैबिनेट मंत्री एवं हाथरस की प्रभारी मंत्री बेबी रानी मौर्य उपस्थित रहीं। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि महिला आरक्षण विधेयक देश की आधी आबादी को सशक्त बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने सपा, कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों पर प्रहार करते हुए कहा कि इनके विरोध ने उनकी महिला विरोधी मानसिकता को उजागर कर दिया है, जिसे देश की 70 करोड़ महिलाएं कभी माफ नहीं करेंगी।

हाथरस सांसद अनूप प्रधान वाल्मीकि ने महिलाओं को आश्वस्त करते हुए कहा कि वे संसद में इस बिल को पारित कराने के लिए पूरी मजबूती से आवाज उठाएंगे। सदर विधायक अंजुला सिंह माहौर ने कहा कि परिवारवादी पार्टियां नहीं चाहतीं कि महिलाएं राजनीति में 33 प्रतिशत की हिस्सेदार बनें, लेकिन आने वाले चुनावों में महिलाएं इन्हें सबक सिखाएंगी। वहीं, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रेमसिंह कुशवाहा ने कहा कि भाजपा महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए संकल्पित है। सभा के उपरांत आक्रोशित महिलाओं ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर पदयात्रा निकाली। पूरे मार्ग में जोरदार नारेबाजी करते हुए महिलाएं बागला चौराहे पहुंचीं, जहां विपक्षी दलों का पुतला फूंक कर अपना विरोध जताया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन भाजपा जिला महामंत्री प्रीति चौधरी ने किया और संयोजक संध्या आर्य ने आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर महिला आयोग की सदस्य रेनू गौंड, विधायक वीरेंद्र सिंह राणा, ब्लॉक प्रमुख पूनम पांडेय, महिला मोर्चा अध्यक्ष सुनीता वर्मा, ब्रज क्षेत्र मंत्री डॉली माहौर, पूर्व जिलाध्यक्ष कुसुमा देवी मदनावत, प्रभा सिंह, अखिलेश गुप्ता, इंद्रा जैसवाल, सोनिया नारंग, स्मृति पाठक, मनीषा गोस्वामी, पूनम सेंगर, दीप्ति वार्ष्णेय सहित सैकड़ों महिलाएं मौजूद रहीं।






















