
नोएडा/जेवर 22 अप्रैल । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा उद्घाटन किए जाने के बाद अब जेवर एयरपोर्ट से कमर्शियल उड़ानों का इंतजार खत्म हो गया है। यमुना इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्राइवेट लिमिटेड (YIAPL) की बोर्ड बैठक में निर्णय लिया गया है कि 30 मई 2026 से आम नागरिकों के लिए हवाई सेवाएं विधिवत शुरू कर दी जाएंगी। उड़ानों के संचालन में आ रही कानूनी बाधाओं को दूर करने के लिए कंपनी ने वर्तमान विदेशी CEO क्रिस्टॉफ स्नेलमान को पद से हटाने का बड़ा फैसला लिया है। दरअसल, ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सिक्योरिटी (BCAS) के नियमों के अनुसार, भारत में किसी भी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट का CEO भारतीय नागरिक होना अनिवार्य है, क्योंकि वही वहां का ‘सिक्योरिटी कोऑर्डिनेटर’ होता है। गृह मंत्रालय से सुरक्षा क्लीयरेंस हासिल करने के लिए अब किसी भारतीय दिग्गज को नया CEO नियुक्त किया जाएगा। शुरुआती चरण में जेवर एयरपोर्ट से देश के 13 प्रमुख शहरों—मुंबई, बेंगलुरु, कोलकाता, चेन्नई, हैदराबाद, पुणे, अहमदाबाद, लखनऊ, जयपुर, गोवा, वाराणसी, भोपाल और जम्मू के लिए सीधी कनेक्टिविटी मिलेगी। 11 मार्च को एयरोड्रम लाइसेंस मिलने के बाद अब एयरपोर्ट पर ट्रायल रन और स्टाफ तैनाती का काम अंतिम चरण में है। उम्मीद जताई जा रही है कि मई के दूसरे सप्ताह से यात्री इन उड़ानों के लिए टिकटों की बुकिंग शुरू कर सकेंगे। यह एयरपोर्ट न केवल दिल्ली-एनसीआर के ट्रैफिक दबाव को कम करेगा, बल्कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के आर्थिक विकास के लिए ‘पावर हाउस’ साबित होगा।























