
हाथरस 09 मई । जिले के व्यावसायिक वाहन स्वामियों के लिए राहत भरी खबर है। अब उन्हें अपने वाहनों की फिटनेस जांच कराने के लिए अलीगढ़ या टूंडला (फिरोजाबाद) जैसे दूसरे जिलों की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी। शहर के मथुरा रोड पर निजी ऑटोमेटिक फिटनेस सेंटर का संचालन शुरू हो गया है, जहाँ अत्याधुनिक मशीनों के माध्यम से वाहनों की तकनीकी जांच की जाएगी।
समय और धन की होगी बचत
अब तक स्थानीय स्तर पर केंद्र न होने के कारण ट्रांसपोर्ट कारोबारियों और वाहन स्वामियों को काफी असुविधा होती थी। दूसरे जिलों में जाने से समय और धन दोनों की बर्बादी होती थी। जिले में प्रतिमाह लगभग 900 वाहनों की फिटनेस होती है। ऐसे में स्थानीय सेंटर शुरू होने से बस, ट्रक, टैक्सी और ऑटो स्वामियों को बड़ी राहत मिलेगी। हालांकि, ऑटोमेटिक और आधुनिक तकनीकी जांच के कारण वाहन स्वामियों को पहले की तुलना में कुछ अधिक शुल्क देना होगा।
पारदर्शी होगी फिटनेस प्रक्रिया
परिवहन विभाग के आरआई राहुल शर्मा ने बताया कि ऑटोमेटिक फिटनेस सेंटर शुरू होने से पूरी प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और तकनीकी रूप से सटीक होगी। मशीनों के जरिए ब्रेक, हेडलाइट, प्रदूषण स्तर, सस्पेंशन और अन्य महत्वपूर्ण मानकों की गहन जांच की जाएगी। इससे सड़क सुरक्षा की दृष्टि से भी सटीक नतीजे प्राप्त होंगे।
भारी मशीनरी की फिटनेस अभी मैनुअली ही
जहाँ एक ओर सभी व्यावसायिक वाहनों की फिटनेस अत्याधुनिक सेंटर पर होगी, वहीं निर्माण कार्यों में प्रयुक्त होने वाले विशेष वाहनों जैसे क्रेन, रोड रोलर और भारी मशीनरी की फिटनेस फिलहाल एआरटीओ कार्यालय हाथरस में पूर्व की भांति मैनुअली ही की जाएगी। स्थानीय ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन ने इस कदम का स्वागत किया है और इसे जिले के परिवहन सेक्टर के लिए एक बड़ी उपलब्धि बताया है।


























