
हाथरस 17 अप्रैल । जनपद में गेहूँ खरीद प्रक्रिया को सुचारू, पारदर्शी एवं किसानों के लिए सुविधाजनक बनाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी अतुल वत्स ने आज नवीन मण्डी स्थल (हाथरस द्वितीय) स्थित गेहूँ क्रय केन्द्र का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने केन्द्र पर उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने केन्द्र पर बारदाने की उपलब्धता की स्थिति देखी। अधिकारियों द्वारा बताया गया कि केन्द्र पर 1583 जूट बोरे तथा 1710 पीपी बोरे वर्तमान में उपलब्ध हैं। जिला खाद्य विपणन अधिकारी, हाथरस कमला प्रसाद यादव ने अवगत कराया कि उक्त क्रय केन्द्र के लिए 1000 मीट्रिक टन गेहूँ खरीद का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
जिलाधिकारी ने केन्द्र पर मौजूद आवश्यक उपकरणों जैसे नमी मापक यंत्र (Moisture Meter), डस्टर, और दो इलेक्ट्रॉनिक कांटों की कार्यक्षमता को परखा। इसके साथ ही उन्होंने पेयजल व्यवस्था पर संतोष व्यक्त किया। निरीक्षण के दौरान, जिलाधिकारी ने ग्राम खुटीपुरी के किसान श्री अनिल कुमार कौसिक द्वारा लाए गए 30 कुन्तल गेहूँ की खरीद प्रक्रिया का अवलोकन किया। जिलाधिकारी ने केन्द्र प्रभारी को सख्त निर्देश दिए कि यूआरएस (URS) एवं एफएक्यू (FAQ) श्रेणी के गेहूँ का वर्गीकरण सही ढंग से किया जाए। वर्षा से प्रभावित (लस्टर लॉस) गेहूँ की खरीद नियमानुसार सुनिश्चित की जाए, ताकि किसानों को किसी प्रकार की आर्थिक हानि या असुविधा न हो। जिलाधिकारी ने किसान सम्पर्क रजिस्टर और टोकन रजिस्टर का गहन अवलोकन किया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि गेहूँ की तौल केवल टोकन के आधार पर ही की जाए, ताकि पूरी प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता बनी रहे और किसी भी प्रकार की अनियमितता न हो। इस निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य किसानों को उनकी फसल का उचित मूल्य समय पर दिलाना और खरीद केन्द्रों पर होने वाली भीड़ को व्यवस्थित करना है।

























