हाथरस 03 अक्टूबर। जनपद भ्रमण पर पहुंचे मंडलायुक्त अलीगढ़ मंडल ओ.पी. आर्य ने विभिन्न विकास परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण कर उनकी प्रगति, गुणवत्ता और निर्माण कार्यों की स्थिति का जायजा लिया। मंडलायुक्त ने जिलाधिकारी सत्य प्रकाश पटेल, सहायक विकास आयुक्त अलीगढ़ मंशाराम यादव एवं मुख्य विकास अधिकारी पी.एन. दीक्षित के साथ जनपद में 483 एकड़ क्षेत्रफल में विकसित किए जा रहे औद्योगिक क्षेत्र सलेमपुर का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने परियोजना से जुड़े अधिकारियों से विकास कार्यों और प्रस्तावित सुविधाओं की विस्तृत जानकारी लेते हुए सभी कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा कराने के निर्देश दिए। औद्योगिक क्षेत्र सलेमपुर के निरीक्षण के दौरान मंडलायुक्त ने भूमि संबंधी प्रक्रियाओं, निर्माण कार्यों की वर्तमान स्थिति तथा प्रस्तावित आधारभूत सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि औद्योगिक क्षेत्र के विकास से जुड़े प्रत्येक कार्य को निर्धारित मानकों के अनुरूप पूरा कराया जाए। कार्यों की नियमित समीक्षा के साथ स्थलीय निगरानी भी सुनिश्चित की जाए, जिससे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता बनी रहे और परियोजना समय से पूरी हो सके। मंडलायुक्त ने औद्योगिक क्षेत्र में सड़क, विद्युत, जलापूर्ति, जल निकासी और प्रकाश व्यवस्था सहित अन्य आवश्यक मूलभूत सुविधाओं को प्राथमिकता के आधार पर विकसित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि औद्योगिक क्षेत्र के विकसित होने से जनपद में निवेश एवं औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से कार्य करने और परियोजना से संबंधित समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
सीवरेज योजना की 70 प्रतिशत भौतिक प्रगति
इसके बाद मंडलायुक्त ने नमामि गंगे परियोजना के अंतर्गत जलेसर रोड पर निर्माणाधीन सीवरेज योजना का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता और निर्धारित समय-सीमा की जानकारी लेते हुए कार्यदायी संस्था को सभी कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा कराने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान प्रोजेक्ट प्रबंधक ने बताया कि हाथरस शहर में मुख्य रूप से 10 नाले हैं, जिनसे कुल 16.32 एमएलडी अशोधित श्राव निकलता है। इन नालों के अशोधित श्राव को टेप कर शोधन के लिए वर्ष 2039 की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए 24 एमएलडी क्षमता के एसटीपी का प्रावधान किया गया है। योजना की वर्तमान भौतिक प्रगति लगभग 70 प्रतिशत बताई गई। परियोजना के तहत विभिन्न निर्माण कार्य वर्तमान में प्रगति पर हैं। मंडलायुक्त ने कहा कि सीवरेज परियोजना के पूर्ण होने से शहर की स्वच्छता व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। इससे जलभराव और प्रदूषण की समस्या को कम करने में मदद मिलेगी तथा शहरवासियों को बेहतर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने कार्यदायी संस्था को स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता न किया जाए और परियोजना को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी और गुणवत्ता की सतत जांच कराने के साथ परियोजना की प्रगति की लगातार समीक्षा करने के निर्देश दिए। साथ ही कार्यों में आने वाली बाधाओं का तत्काल निराकरण सुनिश्चित करने को कहा, ताकि परियोजना का लाभ आमजन को समय से मिल सके।
पौधरोपण कर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
निरीक्षण के दौरान मंडलायुक्त ओ.पी. आर्य सहित उपस्थित अधिकारियों ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण एवं स्वच्छता का संदेश दिया। मंडलायुक्त ने अधिक से अधिक पौधरोपण कराने के साथ लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी वित्त/राजस्व, उप जिलाधिकारी सासनी, उपायुक्त उद्योग, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका हाथरस सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।











