
सादाबाद 29 सितम्बर। मरीजों को बेहतर एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिलाधिकारी सत्य प्रकाश पटेल ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सादाबाद का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल में उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं और विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लिया। जिलाधिकारी ने जनरल वार्ड में भर्ती मरीजों से सीधे संवाद कर उनका हालचाल जाना तथा अस्पताल की ओर से उन्हें मिल रही स्वास्थ्य सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने अस्पताल की उपस्थिति पंजिका का अवलोकन किया। कुछ चिकित्सकों एवं कर्मचारियों के अनुपस्थित पाए जाने पर उन्होंने कड़ी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने सभी चिकित्सकों एवं कर्मचारियों को निर्धारित समय पर अस्पताल में उपस्थित रहकर मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि भविष्य में अनुपस्थिति की पुनरावृत्ति पाए जाने पर संबंधित की जिम्मेदारी निर्धारित करते हुए नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद जिलाधिकारी ने पर्चा काउंटर का निरीक्षण कर अस्पताल में प्रतिदिन होने वाली ओपीडी के संबंध में जानकारी ली। संबंधित कर्मचारी ने बताया कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रतिदिन लगभग 500 से 600 मरीज ओपीडी में उपचार के लिए पहुंचते हैं। जिलाधिकारी ने मरीजों की संख्या को देखते हुए पंजीकरण और उपचार व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के निर्देश दिए, ताकि मरीजों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
जिलाधिकारी ने अस्पताल के स्टोर रूम का भी निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान आवश्यक दवाएं पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध मिलीं। उन्होंने स्टॉक पंजिका का भी सत्यापन किया, जो सही पाया गया। इसके बाद उन्होंने कोल्ड चेन कक्ष का निरीक्षण कर विभिन्न प्रकार के टीकों की उपलब्धता और उनके रख-रखाव की जानकारी ली। वैक्सीन का रख-रखाव निर्धारित व्यवस्था के अनुरूप पाया गया। अस्पताल में एंटी-रेबीज तथा स्नेक बाइट वैक्सीन की उपलब्धता भी सुनिश्चित मिली। डीएम ने प्रसव कक्ष तथा नवजात शिशु स्टेबिलाइजेशन यूनिट का निरीक्षण कर वहां उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित स्वास्थ्यकर्मियों से आवश्यक व्यवस्थाओं की जानकारी लेते हुए निर्देश दिए कि मरीजों को उपचार के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न हो और सभी आवश्यक सेवाएं निर्धारित मानकों के अनुरूप संचालित की जाएं। निरीक्षण के दौरान अस्पताल परिसर तथा कुछ स्थानों पर साफ-सफाई की व्यवस्था संतोषजनक नहीं पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने अस्पताल प्रशासन को नियमित रूप से साफ-सफाई कराने के निर्देश दिए। साथ ही शौचालयों सहित अस्पताल के सभी हिस्सों में स्वच्छता व्यवस्था बेहतर बनाए रखने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि अस्पताल में स्वच्छ वातावरण मरीजों और उनके तीमारदारों के लिए बेहद जरूरी है। जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों एवं अस्पताल प्रबंधन को निर्देशित किया कि सभी आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं निर्धारित मानकों के अनुरूप संचालित की जाएं तथा मरीजों को गुणवत्तापूर्ण, समयबद्ध और सुगम चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। अधिकारियों और कर्मचारियों की जिम्मेदारी है कि अस्पताल पहुंचने वाले प्रत्येक मरीज को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो और व्यवस्थाओं में लगातार सुधार किया जाए।








