सिकंदराराऊ (हसायन) 02 मई । तहसील सिकंदराराऊ क्षेत्र के राजस्व विभाग में भ्रष्टाचार की जड़ें कितनी गहरी हैं, इसकी बानगी विकासखंड हसायन क्षेत्र में तैनात रहे एक लेखपाल की वायरल वीडियो से साफ झलक रही है। जमीन विवाद सुलझाने के नाम पर अवैध वसूली करने के आरोपी लेखपाल प्रेमपाल सिंह का आठ दिन के भीतर दूसरा वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने से हड़कंप मच गया है। जानकारी के अनुसार, बीती 22 अप्रैल को लेखपाल प्रेमपाल सिंह का रुपये लेते हुए पहला वीडियो वायरल हुआ था। इस पर त्वरित संज्ञान लेते हुए उपजिलाधिकारी (SDM) सिकंदराराऊ संजय सिंह ने लेखपाल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया था और विभागीय जांच के आदेश दिए थे। लेकिन अभी जांच शुरू ही हुई थी कि 29 अप्रैल को उसी निलंबित लेखपाल का एक और वीडियो सामने आ गया।
दूसरे वायरल वीडियो में आरोपी लेखपाल एक खेत में खड़े होकर भू-प्रकरण के निस्तारण के नाम पर रुपये लेते साफ दिखाई दे रहे हैं। आठ दिन के अंतराल में अवैध वसूली के दो अलग-अलग वीडियो वायरल होने से यह साफ हो गया है कि उक्त राजस्व कर्मी द्वारा क्षेत्र में लंबे समय से इस तरह के खेल किए जा रहे थे। हैरानी की बात यह है कि पहले वीडियो पर तुरंत एक्शन लेने वाले अधिकारी दूसरे वीडियो के मामले में अब तक चुप्पी साधे हुए हैं। जिला और तहसील स्तर के उच्चाधिकारियों द्वारा दूसरे वीडियो का संज्ञान न लिए जाने से क्षेत्र में तमाम तरह की चर्चाएं व्याप्त हैं। लोगों का कहना है कि भ्रष्टाचार के स्पष्ट प्रमाण होने के बावजूद कठोर विभागीय कार्रवाई करने के बजाय दोषी कर्मचारी को बचाने का प्रयास किया जा रहा है। राजस्व कर्मचारी के भ्रष्टाचार के वीडियो सार्वजनिक होने के बाद तहसील परिसर में भी सुगबुगाहट तेज हो गई है। आम जनता अब प्रशासन की मंशा पर सवाल उठा रही है। क्या लेखपाल को केवल निलंबित कर खानापूर्ति की जाएगी या भ्रष्टाचार के खिलाफ कोई कड़ी नजीर पेश की जाएगी? यह क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।


























