
हाथरस 13 अप्रैल । पत्रकार वेदप्रकाश उर्फ सोनू हत्याकांड में हाथरस पुलिस की “ऑपरेशन क्लीन” मुहिम ने आरोपियों के बीच दहशत पैदा कर दी है। हत्याकांड के मुख्य आरोपी कमल और गौरव अब पुलिस एनकाउंटर के डर से न्यायालय में आत्मसमर्पण करने की फिराक में हैं। पुलिस प्रशासन ने भी इस इनपुट के बाद उनकी घेराबंदी तेज कर दी है। दिल्ली वाला चौक से लेकर न्यायालय परिसर तक सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं और आरोपियों के करीबियों पर पैनी नजर रखी जा रही है। पुलिस जांच में सोनू की हत्या की दहला देने वाली सच्चाई सामने आई है। पकड़े गए आरोपियों ने खुलासा किया है कि सोनू को मारने से पहले बेरहमी से पीटा गया था। उसे गाड़ी में डालकर ऑयल मिल स्थित कमल की फैक्ट्री ले जाया गया, जहाँ उसे घंटों टॉर्चर किया गया, जिससे उसकी मौत हो गई।
मुख्य आरोपी कमल और गौरव इस समय अंडरग्राउंड हैं और पुलिस से बचने के लिए मोबाइल फोन का इस्तेमाल भी नहीं कर रहे हैं। पुलिस की सर्विलांस और एसओजी टीमें दिन-रात उनकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस के बढ़ते दबाव और एनकाउंटर की संभावना को देखते हुए आरोपी कानूनी शरण लेने की कोशिश में जुटे हैं। इस मामले में पुलिस के आला अधिकारियों ने बताया कि मुख्य आरोपियों को ट्रेस करने के लिए हर संभव तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है और गिरोह के कई अन्य सदस्य भी रडार पर हैं। उन्होंने दावा किया है कि पुलिस जल्द ही इस मामले में बड़ी कामयाबी हासिल करेगी और हत्याकांड में शामिल सभी आरोपियों को जेल की सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।

























