
हाथरस 07 अक्टूबर। श्री रामेश्वरदास अग्रवाल कन्या स्नातकोत्तर महाविद्यालय में प्राचार्या प्रो. मंजु वर्मा के दिशा-निर्देशन में तथा करियर काउंसलिंग के तत्वावधान में ‘सिविल सर्विसेज’ विषय पर विशेष व्याख्यान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को सिविल सेवाओं में करियर की संभावनाओं, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी और बेहतर करियर चयन को लेकर आवश्यक जानकारी एवं मार्गदर्शन प्रदान करना रहा। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सेंटर फॉर एंबीशन सिविल सेवा संस्थान, आगरा की टीम उपस्थित रही। मुख्य वक्ता डॉ. नीलेश यादव ने छात्राओं को संबोधित करते हुए इंटरमीडिएट के बाद बेहतर करियर का चुनाव करने, स्नातक की पढ़ाई के साथ-साथ यूपीएससी और यूपीपीसीएस जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी शुरू करने के तरीके बताए। उन्होंने छात्राओं को सरकारी क्षेत्र में उपलब्ध विभिन्न करियर अवसरों की जानकारी देते हुए प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान समय प्रबंधन के महत्व पर भी विस्तार से प्रकाश डाला। डॉ. नीलेश यादव ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए लक्ष्य निर्धारित करने के साथ नियमित अध्ययन, अनुशासन और समय का उचित प्रबंधन बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने छात्राओं को सलाह दी कि स्नातक की पढ़ाई के साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी शुरू करने से उन्हें पाठ्यक्रम को समझने और व्यवस्थित तरीके से तैयारी करने के लिए पर्याप्त समय मिल सकता है।
कार्यक्रम के दौरान सेंटर फॉर एंबीशन की टीम द्वारा छात्राओं के लिए सामान्य ज्ञान क्विज प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। क्विज में विजयी छात्राओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की पुस्तकों का एक-एक सेट पुरस्कार स्वरूप प्रदान किया गया। इससे छात्राओं में प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर उत्साह और अध्ययन के प्रति रुचि बढ़ी। कार्यक्रम के समापन पर महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. मंजु वर्मा ने सेंटर फॉर एंबीशन की पूरी टीम का आभार व्यक्त किया। उन्होंने छात्राओं को संबोधित करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं और कहा कि इस प्रकार के करियर मार्गदर्शन कार्यक्रम छात्राओं को अपने भविष्य के लिए बेहतर निर्णय लेने में सहायता प्रदान करते हैं। कार्यक्रम का सफल संचालन करियर काउंसलिंग प्रभारी नेहा यादव ने किया। कार्यक्रम की समन्वयक डॉ. अनामिका सिंह रहीं, जबकि आयोजन को सफल बनाने में डॉ. रंजना और डॉ. बरखा भारद्वाज का विशेष सहयोग रहा। इस अवसर पर महाविद्यालय के समस्त शिक्षक-शिक्षिकाओं के साथ 300 से अधिक छात्राएं उत्साहपूर्वक उपस्थित रहीं। उक्त जानकारी प्रतिवेदन समिति प्रभारी नेहा यादव द्वारा उपलब्ध कराई गई।








