
हाथरस 14 जून । केंद्र सरकार के “सेवा, सम्मान, संस्कार एवं सुशासन” के 12 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) जनपद के प्रबुद्ध नागरिकों एवं चिकित्सकों के साथ संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में स्वास्थ्य क्षेत्र में केंद्र एवं प्रदेश सरकार द्वारा किए गए महत्वपूर्ण कार्यों और उपलब्धियों की जानकारी साझा की गई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि पिछले 12 वर्षों में स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में अभूतपूर्व प्रगति हुई है। उन्होंने कहा कि देशभर में लगभग 55 करोड़ नागरिकों के आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके हैं, जिससे करोड़ों लोगों को निःशुल्क उपचार की सुविधा प्राप्त हो रही है। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश में प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के अंतर्गत लगभग 25 लाख गर्भवती महिलाओं की स्वास्थ्य जांच की जा चुकी है। वहीं सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए प्रदेश में 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की लगभग 70 हजार बालिकाओं को निःशुल्क वैक्सीन लगाई जा चुकी है। सीएमओ ने कहा कि प्रदेश में संचालित 102 एवं 108 एंबुलेंस सेवाओं के माध्यम से दुर्घटना एवं आपातकालीन मरीजों, गर्भवती महिलाओं तथा बच्चों को घर से अस्पताल और अस्पताल से घर तक निःशुल्क परिवहन सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में लगभग 18 हजार आयुष्मान आरोग्य मंदिर स्थापित किए गए हैं, जहां मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ कैंसर, मधुमेह (शुगर), उच्च रक्तचाप सहित विभिन्न गैर-संचारी रोगों की जांच एवं उपचार की निःशुल्क सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। साथ ही टेलीमेडिसिन के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में विशेषज्ञ चिकित्सकों की ऑनलाइन परामर्श सेवाएं भी प्रदान की जा रही हैं। मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि टीबी मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत गांव-गांव और शहर-शहर आयुष्मान शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों में टीबी मरीजों की जांच, एक्स-रे तथा आवश्यक दवाओं की उपलब्धता स्थानीय स्तर पर ही सुनिश्चित की जा रही है, जिससे मरीजों को बेहतर और समयबद्ध उपचार मिल सके। कार्यक्रम के दौरान चिकित्सकों एवं प्रबुद्ध जनों ने स्वास्थ्य योजनाओं और सेवाओं के विस्तार पर विचार-विमर्श किया तथा जनहित में इन योजनाओं को अधिक प्रभावी बनाने पर सुझाव भी दिए।


























