
हाथरस 15 जुलाई। प्रदेश सरकार की नवयुग पालिका योजना के तहत शहर का कायाकल्प किया जाएगा। लगभग 17 करोड़ रुपये की लागत से शहर में डिजिटल लाइब्रेरी, इलेक्ट्रिक व्हीकल चार्जिंग स्टेशन, प्रमुख मार्गों के सुंदरीकरण और ऑनलाइन नागरिक सेवाओं के विस्तार सहित कई आधुनिक विकास कार्य प्रस्तावित किए गए हैं। आज कलेक्ट्रेट परिसर में नवयुग पालिका योजना को लेकर बैठक आयोजित की गई, जिसमें प्रस्तावित विकास कार्यों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में योजना के तहत शहर को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने के लिए तैयार किए गए प्रस्तावों पर मंथन किया गया। प्रदेश सरकार ने स्मार्ट सिटी मिशन की तर्ज पर छोटे एवं मध्यम श्रेणी के शहरों के विकास के लिए नवयुग पालिका योजना शुरू की है। प्रथम चरण में हाथरस नगर पालिका परिषद सहित प्रदेश के 58 नगर निकायों को इस योजना में शामिल किया गया है। मार्च में इसकी घोषणा की गई थी। योजना के तहत नगर निकायों को आबादी के आधार पर श्रेणियों में विभाजित किया गया है, ताकि अधिक आबादी वाले शहरों को उनकी जरूरत के अनुसार अधिक बजट और संसाधन उपलब्ध कराए जा सकें। योजना के अंतर्गत मधुगढ़ी और मुरसान गेट जैसे प्रमुख मार्गों का सुंदरीकरण किया जाएगा। शहर के प्रमुख चौराहों का कायाकल्प होगा, ऑनलाइन नागरिक सेवाओं को और अधिक सशक्त बनाया जाएगा तथा आधुनिक डिजिटल लाइब्रेरी और इलेक्ट्रिक व्हीकल चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए जाएंगे। इसके अलावा लगभग 6 करोड़ रुपये की लागत से एबीसी सेंटर (Animal Birth Control Centre) के निर्माण का प्रस्ताव भी योजना में शामिल किया गया है। इन विकास कार्यों को लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी), सीएनडीएस और नगर पालिका परिषद के माध्यम से कराया जाएगा। नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी रोहित सिंह ने बताया कि नवयुग पालिका योजना के तहत सरकार की मंशा के अनुरूप आधुनिक और स्मार्ट सुविधाओं से युक्त शहर के सर्वांगीण विकास का खाका तैयार कर लिया गया है। जल्द ही प्रस्ताव शासन को भेजा जाएगा। शासन से मंजूरी और बजट मिलते ही विकास कार्य युद्धस्तर पर शुरू कर दिए जाएंगे।









