
हाथरस 12 मई । थाना हाथरस गेट क्षेत्र के गांव रुहेरी निवासी 75 वर्षीय नौहबत सिंह ने ई-रिक्शा एजेंसी संचालकों पर धोखाधड़ी, ठगी और मारपीट के गंभीर आरोप लगाते हुए मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय में प्रार्थना पत्र दाखिल किया है। पीड़ित ने थाना हाथरस गेट पुलिस पर आरोपितों से सांठगांठ कर रिपोर्ट दर्ज न करने का आरोप भी लगाया। न्यायालय से मुकदमा दर्ज कर निष्पक्ष विवेचना कराए जाने की मांग की गई थी।
प्रार्थना पत्र के अनुसार नौहबत सिंह ने 2 नवंबर 2023 को अपने पुत्र दर्याब सिंह के लिए दयानतपुर स्थित एक ई-रिक्शा एजेंसी से 55 हजार रुपये नकद देकर तथा 9 हजार रुपये मासिक किस्त पर ई-रिक्शा खरीदा था। दो किस्तें जमा करने के बाद ई-रिक्शा की बैटरी खराब हो गई। आरोप है कि एजेंसी संचालक रवि कुमार निवासी रमनपुर और सोनू पुत्र रघुवीर सिंह निवासी दयानतपुर ने बैटरी बदलवाने के नाम पर 17 जनवरी 2024 को ई-रिक्शा अपने पास जमा करा लिया और बताया कि बैटरी कंपनी को भेजी जाएगी। इसके बाद 25 जनवरी 2024 तक दूसरा ई-रिक्शा उपलब्ध कराने अथवा पूरी रकम वापस करने का आश्वासन दिया गया, लेकिन बाद में लगातार टालमटोल की जाती रही।
पीड़ित का कहना है कि 10 मई 2025 को एजेंसी संचालकों ने 15 हजार रुपये का एक चेक दिया, जो बैंक में प्रस्तुत करने पर बाउंस हो गया। नौहबत सिंह ने बताया कि वह भूमिहीन हैं और गांव के लोगों से उधार लेकर यह धनराशि जुटाई थी। जब उन्होंने अपने रुपये वापस मांगे तो आरोपियों ने जान से मारने की धमकी दी। नौहबत सिंह के अनुसार थाना हाथरस गेट में शिकायत देने के बावजूद रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। इसके बाद उन्होंने मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। शिकायत पर 30 अगस्त 2025 को सुनवाई हुई, लेकिन आरोप है कि पुलिस ने आरोपियों से सांठगांठ कर मामले को रफा-दफा कर दिया और दो माह के भीतर रुपये दिलाने का आश्वासन दिया। पीड़ित ने बताया कि 15 अक्टूबर 2025 को वह गांव के पप्पू और कन्हैया के साथ अपने रुपये मांगने एजेंसी पर पहुंचे। आरोप है कि वहां रवि कुमार और सोनू ने गाली-गलौज करते हुए लात-घूंसों से मारपीट की। बीच-बचाव करने आए लोगों के साथ भी अभद्रता की गई और दोबारा रुपये मांगने पर जान से मारने की धमकी दी गई। पीड़ित ने बताया कि पुनः थाना हाथरस गेट में शिकायत करने पर भी रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई, जिसके बाद उन्होंने पुलिस अधीक्षक को डाक के माध्यम से प्रार्थना पत्र भेजा। फिलहाल न्यायालय के आदेश पर थाना हाथरस गेट पुलिस ने आरोपितों के विरुद्ध संबंधित धाराओं में अभियोग पंजीकृत कर लिया है और मामले की विवेचना शुरू कर दी गई है।





















