
हाथरस 05 मई । जिलाधिकारी अतुल वत्स ने कलेक्ट्रेट सभागार में विभिन्न माध्यमों से प्राप्त शिकायतों और लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सख्त लहजे में चेतावनी दी है। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि लंबित रिट, आयोग संदर्भ, आरटीआई और आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है, इसमें किसी भी स्तर पर शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। समीक्षा बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि आईजीआरएस पोर्टल, जनता दर्शन या अन्य माध्यमों से प्राप्त शिकायतों के निस्तारण के लिए केवल कागजी खानापूर्ति न की जाए, बल्कि आवश्यकतानुसार स्थलीय निरीक्षण अवश्य किया जाए। उन्होंने कहा कि वास्तविक समाधान होने पर ही शिकायतकर्ता संतुष्ट होगा और प्रकरण ‘डिफाल्टर’ श्रेणी में जाने से बचेगा।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि किसी स्तर पर निस्तारण में अनावश्यक देरी या लापरवाही पाई गई, तो संबंधित अधिकारी की जिम्मेदारी तय कर उनके विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि आरटीआई प्रकरणों में समय-सीमा के भीतर सटीक सूचना उपलब्ध कराना अनिवार्य है। यदि कोई शिकायत किसी विभाग से संबंधित न हो, तो उसे बेवजह दबाकर रखने के बजाय तत्काल संबंधित सक्षम विभाग को प्रेषित किया जाए। आयोग से संबंधित मामलों में गुणवत्तापूर्ण आख्या समय से प्रेषित करने के निर्देश भी दिए गए। बैठक में पारदर्शिता और गंभीरता के साथ कार्य करने पर जोर दिया गया। बैठक के दौरान अपर जिलाधिकारी न्यायिक, परियोजना निदेशक, प्रभारी अधिकारी कलेक्ट्रेट, समस्त उप जिलाधिकारी (एसडीएम) तथा अन्य जिला स्तरीय अधिकारी व कर्मचारी मुख्य रूप से मौजूद रहे।

























