
हाथरस 29 जनवरी । राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार एवं जनपद न्यायाधीश विनय कुमार के आदेशानुसार जनपद न्यायालय हाथरस में ‘राष्ट्र हेतु विशेष मध्यस्थता अभियान-2.0’ का प्रभावी संचालन किया जा रहा है। अभियान को सफल बनाने के उद्देश्य से समस्त न्यायालयों से ऐसे वादों की पत्रावलियाँ, जिनका निस्तारण समझौते के माध्यम से संभव है, जिला मध्यस्थता केंद्र जनपद न्यायालय हाथरस को प्रेषित की जा रही हैं। इस अभियान के अंतर्गत वैवाहिक विवाद, मोटर दुर्घटना दावा, घरेलू हिंसा, चेक बाउंस, वाणिज्यिक विवाद, सेवा संबंधी विवाद, शमनीय आपराधिक मामले, उपभोक्ता विवाद, ऋण वसूली, भूमि अधिग्रहण, संपत्ति बंटवारा, बेदखली से संबंधित मामले एवं अन्य उपयुक्त दीवानी प्रकरणों को चिन्हित कर मध्यस्थता हेतु भेजा जा रहा है। मध्यस्थों द्वारा दोनों पक्षों से संवाद स्थापित कर आपसी सहमति के आधार पर समझौते कराए जा रहे हैं। इस माह में अब तक कई मामलों का सफलतापूर्वक निस्तारण किया जा चुका है, जिससे पक्षकारों के मध्य मधुर संबंध स्थापित हुए, उन्हें त्वरित न्याय प्राप्त हुआ तथा समय और धन की बचत भी हुई है। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव अनु चौधरी ने जानकारी देते हुए बताया कि यह अभियान 01 जनवरी 2026 से संचालित है। उन्होंने आमजन, वादकारियों एवं विधि व्यवसायियों से अपील की कि वे अपने-अपने प्रार्थना पत्र संबंधित न्यायालयों में प्रस्तुत कर इस अभियान का लाभ उठाते हुए अपने मामलों का निस्तारण मध्यस्थता के माध्यम से करा सकते हैं। उन्होंने कहा कि यह अभियान न्यायालयों पर बढ़ते न्यायिक बोझ को कम करने और आम जनता को शीघ्र, सरल एवं सुलभ न्याय उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
अधिक जानकारी हेतु संपर्क करें— जिला विधिक सेवा प्राधिकरण हाथरस या नालसा हेल्पलाइन नंबर: 15100













