
हाथरस 24 मार्च । कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जिला पोषण समिति एवं जिला निगरानी समिति की बैठक के दौरान जिलाधिकारी अतुल वत्स ने पोषण अभियान और आंगनबाड़ी भवन निर्माण की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। समीक्षा के दौरान विभाग द्वारा प्रस्तुत पीपीटी में गर्भवती महिलाओं के चिन्हीकरण और बच्चों के वजन व लंबाई से संबंधित डेटा में विसंगतियां पाए जाने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि भविष्य में डेटा फीडिंग में किसी भी प्रकार की त्रुटि पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्यवाही की जाएगी। जिलाधिकारी ने जिला कार्यक्रम अधिकारी को विशेष अभियान चलाकर शत-प्रतिशत हाउस-टू-हाउस सर्वे करने और सभी आंकड़ों को पोषण ट्रैकर एप पर शुद्धता के साथ सत्यापित कर फीड कराने के निर्देश दिए। साथ ही मुख्य विकास अधिकारी को टीम गठित कर डेटा के भौतिक सत्यापन की जिम्मेदारी सौंपी।
बैठक में जिलाधिकारी ने आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की पदोन्नति और सहायिकाओं के रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया में हो रहे अनावश्यक विलंब पर भी सख्त रुख अपनाया। उन्होंने निर्देश दिए कि भर्ती प्रक्रिया को निर्धारित समयसीमा के भीतर पारदर्शी ढंग से पूर्ण किया जाए, अन्यथा जिम्मेदारी तय करते हुए शासन को पत्र भेजा जाएगा। जिलाधिकारी ने पंजीकृत बच्चों और गर्भवती महिलाओं को मानक के अनुसार पुष्टाहार वितरण सुनिश्चित करने के साथ-साथ कुपोषित बच्चों के अभिभावकों को जागरूक करने पर विशेष बल दिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आंगनबाड़ी केंद्रों के निर्माण, कायाकल्प और लर्निंग लैब के शेष कार्यों को गुणवत्तापूर्ण ढंग से जल्द पूरा कराया जाए और कार्यों की गुणवत्ता जांचने के लिए नियमित औचक निरीक्षण किया जाए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, मुख्य चिकित्साधिकारी, जिला विकास अधिकारी सहित जनपद के समस्त संबंधित विभागों के अधिकारी एवं आईसीडीएस स्टाफ उपस्थित रहा।


























