
हाथरस 01 सितम्बर। बागला डिग्री कॉलेज में सत्र 2026-27 की साहित्यिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का शुभारंभ हिंदी, अंग्रेजी एवं संस्कृत काव्य पाठ प्रतियोगिताओं के साथ हुआ। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर महावीर सिंह छौंकर ने मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलित कर किया। प्रतियोगिताओं में छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग करते हुए अपनी काव्य प्रतिभा का प्रदर्शन किया। हिंदी काव्य पाठ प्रतियोगिता में आलिशा सूर्यवंशी ने प्रथम, मेघा शर्मा ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया, जबकि कृष्णा दीक्षित, भूमिका वार्ष्णेय एवं कीर्ति अग्निहोत्री संयुक्त रूप से तृतीय स्थान पर रहीं। हिंदी काव्य पाठ प्रतियोगिता का मूल्यांकन प्रोफेसर सुनन्दा महाजन, प्रोफेसर चन्द्र शेखर रावल एवं प्रोफेसर राजेश कुमार ने किया।
संस्कृत काव्य पाठ प्रतियोगिता में पूर्णा भारद्वाज एवं प्रतीक भारद्वाज ने संयुक्त रूप से प्रथम स्थान प्राप्त किया। आशु कश्यप एवं भीमेंद्र कौशिक संयुक्त रूप से द्वितीय स्थान पर रहे, जबकि सोफिया एवं दीक्षा शर्मा ने संयुक्त रूप से तृतीय स्थान प्राप्त किया। संस्कृत काव्य पाठ प्रतियोगिता का मूल्यांकन प्रोफेसर राजेश कुमार, प्रोफेसर संध्या कुमारी एवं डॉ. डी.के. दीक्षित द्वारा किया गया। वहीं अंग्रेजी काव्य पाठ प्रतियोगिता में अनुष्का ने प्रथम स्थान प्राप्त कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। अंग्रेजी प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में प्रोफेसर प्रीति वर्मा, श्री रूपेंद्र राजपूत एवं मिस किरण चौधरी शामिल रहे।
कार्यक्रम के दौरान महाविद्यालय के मुख्य अनुशासन अधिकारी प्रोफेसर कृष्णानंद त्रिपाठी तथा सांस्कृतिक समिति की संयोजक डॉ. दीपा ग्रोवर, सह-संयोजक डॉ. विमलेश, सदस्य डॉ. प्रेम किशोर, डॉ. अंजुला कुमारी एवं डॉ. विनय कुमार वर्मा की सार्थक उपस्थिति रही। इसके अतिरिक्त श्री निखिल मिश्रा, श्रीमती ममता तिवारी, कुमारी शताक्षी सहित छात्र जय किशन गौतम, अनन्या, झलक, सलोनी आदि मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में सांस्कृतिक समिति की संयोजक डॉ. दीपा ग्रोवर ने सभी अतिथियों, निर्णायकों, शिक्षकों एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। राष्ट्रगान के साथ काव्य पाठ प्रतियोगिताओं का समापन हुआ। कॉलेज में साहित्यिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों के शुभारंभ से विद्यार्थियों को अपनी रचनात्मक एवं कलात्मक प्रतिभा को मंच प्रदान करने का अवसर मिला।













