
हाथरस 27 जून । जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर और अधिक व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से एमडी टीबी अस्पताल में इमरजेंसी वार्ड की शिफ्टिंग का कार्य तेजी से शुरू कर दिया गया है। शुक्रवार को अस्पताल के स्टोर रूम से आवश्यक सामान और मेडिकल उपकरणों को नए स्थान पर स्थानांतरित करने की प्रक्रिया शुरू की गई। अस्पताल प्रशासन ने भू-तल (ग्राउंड फ्लोर) पर स्थित प्रतीक्षालय (वेटिंग एरिया) में मरीजों के लिए बेड भी लगा दिए हैं। इसके साथ ही यहां ऑक्सीजन सप्लाई लाइन और मॉनिटरिंग मशीनें स्थापित करने की तैयारी की जा रही है, ताकि इमरजेंसी सेवाएं जल्द से जल्द सुचारु रूप से संचालित की जा सकें।
एमडी टीबी अस्पताल में प्रतिदिन औसतन 150 से 200 मरीजों की ओपीडी होती है। चूंकि टीबी (क्षय रोग) एक संक्रामक बीमारी है, जो हवा के माध्यम से फैल सकती है, इसलिए अस्पताल प्रशासन ने संक्रमण की रोकथाम को ध्यान में रखते हुए नई व्यवस्था तैयार की है। अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) डॉ. सूर्यप्रकाश ने बताया कि नई व्यवस्था के तहत सामान्य ओपीडी और इमरजेंसी वार्ड का संचालन एक ही भवन में किया जाएगा, लेकिन दोनों के लिए अलग-अलग प्रवेश द्वार निर्धारित किए गए हैं। टीबी ओपीडी के लिए वर्तमान मुख्य गेट का ही उपयोग होगा, जबकि इमरजेंसी वार्ड में आने वाले मरीजों के लिए आयुष विंग के सामने स्थित गेट खोला जाएगा, जिससे दोनों विभाग अलग-अलग संचालित हो सकें। उन्होंने बताया कि भवन के बाईं ओर स्थित स्टोर की जगह पर ओपीडी को शिफ्ट किया जाएगा। इस व्यवस्था से मरीजों की सुविधा बढ़ेगी और संक्रमण फैलने की आशंका भी काफी हद तक कम होगी।
























