
हाथरस 14 मई । कोतवाली नगर पुलिस ने इंटरनेट मीडिया पर हाथरस में दलित युवती से मारपीट का भ्रामक वीडियो प्रसारित कर जातीय वैमनस्य फैलाने के आरोप में दो फेसबुक यूजर्स के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस जांच में स्पष्ट हुआ कि जनपद हाथरस में इस प्रकार की कोई घटना घटित नहीं हुई है और वीडियो को सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने तथा प्रशासन की छवि धूमिल करने के उद्देश्य से प्रसारित किया गया।
थाना कोतवाली सदर में उप निरीक्षक योगेंद्र कुमार ने तहरीर देकर बताया कि फेसबुक यूजर हृदेश कुमार ने अपने अकाउंट से एक वीडियो पोस्ट किया, जिसमें एक व्यक्ति महिला के साथ मारपीट करता दिखाई दे रहा है। पोस्ट के कैप्शन में दावा किया गया कि हाथरस में सवर्णों के बिस्तर पर बैठने पर एक दलित युवती की बेरहमी से पिटाई की गई। इसके बाद एक अन्य फेसबुक यूजर, जिसने स्वयं को पूर्व सांसद प्रत्याशी भरतपुर, राजस्थान बताया, ने इस पोस्ट को साझा करते हुए राज्य की कानून व्यवस्था पर टिप्पणी की। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर जनपद के सभी थाना प्रभारियों से मामले की जांच कराई गई। जांच में पुष्टि हुई कि हाथरस जिले में ऐसी कोई घटना नहीं हुई। पुलिस के अनुसार, उक्त वीडियो और उससे संबंधित पोस्ट पूरी तरह भ्रामक हैं और इन्हें लोक शांति भंग करने, जातीय तनाव उत्पन्न करने तथा शासन-प्रशासन की छवि खराब करने की मंशा से वायरल किया गया। पुलिस ने संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत कर आगे की विधिक कार्रवाई प्रारंभ कर दी है। पुलिस प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि किसी भी अपुष्ट या भ्रामक सामग्री को सोशल मीडिया पर साझा करने से पूर्व उसकी सत्यता अवश्य जांच लें, ताकि सामाजिक सौहार्द और कानून व्यवस्था बनी रहे।





















