
हाथरस 13 मई । शहर के एक रेस्टोरेंट में जायंट्स ग्रुप ऑफ हाथरस ‘गूंज’ द्वारा भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में भारतीय संस्कारों की झलक देखने को मिली, जहाँ एक ओर ‘मातृ शक्ति’ का सम्मान किया गया, वहीं दूसरी ओर समाज के दर्पण कहे जाने वाले पत्रकार बंधुओं को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का विधिवत आरंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। संस्था की महिला सदस्यों ने एक-दूसरे को पुष्प गुच्छ भेंट कर आत्मीय स्वागत किया। आयोजन के दौरान महिलाओं ने तंबोला, अंताक्षरी और विभिन्न रोचक गेम्स में उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस अवसर पर प्रत्येक सदस्या ने मंच पर अपनी प्रस्तुति दी। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण ‘माँ के अनुभवों’ का साझाकरण रहा। लोकगीत, भजन, कहानी और शेर-शायरी के माध्यम से मातृत्व की महिमा और भारतीय संस्कारों के महत्व को रेखांकित किया गया। संस्था की अध्यक्ष सीमा शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि यदि हम अपनी संस्कृति और संस्कारों से जुड़े रहेंगे, तभी आने वाली पीढ़ियां बेहतर और संस्कारी बनेंगी। समाज की छोटी-बड़ी गतिविधियों को जन-जन तक पहुँचाने वाले पत्रकार बंधुओं का संस्था द्वारा पटका पहनाकर और स्मृति चिन्ह देकर आभार व्यक्त किया गया। वक्ताओं ने कहा कि पत्रकार समाज को नई पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। पत्रकारों ने भी आयोजन की सराहना करते हुए इसे समाज के लिए एक सकारात्मक संदेश बताया। खुशी के इस मौके पर केक काटा गया और सभी सदस्यों को रिटर्न गिफ्ट व उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली महिलाओं को पुरस्कार वितरित किए गए। कार्यक्रम का मूल भाव प्रेम, सम्मान और सामाजिक जिम्मेदारी रहा। कार्यक्रम को सफल बनाने में वाइस प्रेसिडेंट गुंजन दीक्षित, चार्टर दीप्ति वार्ष्णेय, आईपीपी माधुरी वार्ष्णेय, सचिव नमिता गोयल, कोषाध्यक्ष कुसुम वार्ष्णेय, ईशा वर्मा, पिंकी शर्मा, कल्पना गुप्ता, सीता वार्ष्णेय, रितु वार्ष्णेय, रितु गुप्ता, नेहा अग्रवाल, सीमा अग्रवाल, सीमा शर्मा, रागिनी, चित्रा गोयल, मोहिता पोद्दार और शोभा बंसल सहित अन्य सदस्याओं का विशेष सहयोग रहा।


























