
नासिक 13 अप्रैल। बहुराष्ट्रीय आईटी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) की नासिक शाखा से एक ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है जिसने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। कंपनी की BPO यूनिट में महिला कर्मचारियों के यौन शोषण, लव जिहाद और जबरन धर्मांतरण के गंभीर आरोपों के बाद हड़कंप मचा हुआ है। मामले की गंभीरता को देखते हुए टीसीएस ने आरोपी कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
HR हेड निदा खान पर साजिश का आरोप
जांच में एक चौंकाने वाला मोड़ तब आया जब एचआर हेड निदा खान की भूमिका पर सवाल उठे। आरोप है कि महिला कर्मचारियों ने कई बार उनके पास शिकायत दर्ज कराई, लेकिन उन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की। अब आरोप लग रहे हैं कि निदा खान खुद इस पूरी साजिश में शामिल थीं। पुलिस ने 10 अप्रैल 2026 को उनका बयान दर्ज किया है और उनकी भूमिका की गहराई से जांच की जा रही है।
SIT कर रही है जांच, 9 FIR दर्ज
नासिक पुलिस कमिश्नर संदीप कर्णिक की देखरेख में विशेष जांच दल (SIT) इस मामले की तह तक जाने में जुटा है। अब तक इस मामले में कुल 9 एफआईआर (FIR) दर्ज की जा चुकी हैं। पुलिस ने अब तक शाहरुख कुरैशी, शफी शेख, तौसीफ अत्तार, रज़ा मेमन, आसिफ अंसारी और दानिश शेख को गिरफ्तार कर लिया है।
वर्क प्लेस पर ‘नमाज’ और ‘धर्म परिवर्तन’ का दबाव
पीड़ितों ने पुलिस को बताया कि ऑफिस में टीम लीड्स द्वारा उन्हें लगातार प्रताड़ित किया जाता था। उन पर नमाज पढ़ने, मुस्लिम धार्मिक आयोजनों में शामिल होने और इस्लाम अपनाने के लिए दबाव डाला गया। महिला कर्मचारियों ने छेड़छाड़, अश्लील टिप्पणियों और शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण के भी गंभीर आरोप लगाए हैं। जांच में यह भी सामने आया है कि व्हाट्सएप ग्रुप्स के जरिए कमजोर सहकर्मियों, खासकर युवा हिंदू महिलाओं को टारगेट करने की साजिश रची जाती थी।
TCS ने अपनाई ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति
मामला तूल पकड़ते ही टीसीएस के प्रवक्ता ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि कंपनी किसी भी प्रकार के उत्पीड़न के खिलाफ शून्य सहनशीलता (Zero Tolerance) की नीति रखती है। कंपनी ने जांच पूरी होने तक सभी संदिग्ध कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया है और स्थानीय पुलिस व एसआईटी को पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया है।
महाराष्ट्र में गरमाई सियासत
इस खुलासे के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में भी उबाल आ गया है। टीसीएस दफ्तर के बाहर लगातार प्रदर्शन हो रहे हैं और राजनीतिक दलों ने आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने अन्य पीड़ितों से भी अपील की है कि वे बिना डरे आगे आएं और इसके लिए एक विशेष व्हाट्सएप नंबर भी जारी किया गया है।

























