
मथुरा 15 मार्च । प्रदेश में उत्तर प्रदेश पुलिस की SI भर्ती परीक्षा में फर्जीवाड़ा कर अभ्यर्थियों को नकल कराने की साजिश रचने वाले एक बड़े गिरोह का उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स ने पर्दाफाश किया है। एसटीएफ की मेरठ फील्ड यूनिट और राया थाना पुलिस ने शनिवार रात संयुक्त कार्रवाई करते हुए अनुज कुमार नाम के युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार यह गिरोह अभ्यर्थियों से मोटी रकम लेकर उन्हें ब्लूटूथ डिवाइस के जरिए परीक्षा पास कराने का लालच देता था।
मुखबिर की सूचना पर हुई कार्रवाई
एसटीएफ मेरठ यूनिट को मुखबिर और सर्विलांस के जरिए सूचना मिली थी कि ग्राम हवेली निवासी अनुज कुमार अपने साथी से मिलने राया कस्बे में आने वाला है। इस सूचना के आधार पर टीम ने बलदेव रोड स्थित रजनी लाइब्रेरी के पास घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। हालांकि उसका मुख्य साथी गोपाल रावत मौके से फरार होने में सफल रहा, जिसकी तलाश जारी है।
नौकरी दिलाने के नाम पर 22 लाख का सौदा
पुलिस पूछताछ में आरोपी अनुज कुमार ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। उसने बताया कि फरार आरोपी गोपाल रावत इस पूरे रैकेट का मास्टरमाइंड है। यह गिरोह एक अभ्यर्थी से SI भर्ती परीक्षा पास कराने के लिए करीब 22 लाख रुपये में सौदा तय करता था। सौदा तय होने के बाद अभ्यर्थी से 3 लाख रुपये एडवांस के रूप में लिए जाते थे, जबकि बाकी रकम परीक्षा पास होने के बाद ली जाती थी। गिरोह सुरक्षा के तौर पर अभ्यर्थियों के असली मार्कशीट, ब्लैंक चेक और शपथ पत्र भी अपने पास रख लेता था, ताकि रकम वसूलने में कोई परेशानी न हो। फिलहाल एसटीएफ फरार आरोपी की तलाश में जुटी हुई है और इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की भी जांच की जा रही है।

























