
हाथरस 28 फरवरी । डिजिटल दौर में साइबर अपराधी ठगी के नए-नए तरीके अपना रहे हैं। ताजा मामला हसायन क्षेत्र का है, जहाँ 33/11 विद्युत उपकेंद्र पर तैनात संविदा लाइनमैन पवन कुमार साइबर ठगी का शिकार हो गए। ठगों ने उन्हें वॉट्सऐप पर एक ‘APK’ फाइल भेजी, जिसे शादी का कार्ड समझकर क्लिक करते ही पवन के खाते से महज कुछ ही मिनटों में 4 लाख 17 हजार 669 रुपये साफ हो गए। पीड़ित पवन कुमार ने बताया कि 25 फरवरी की शाम उन्हें एक अनजान नंबर से मैसेज मिला, जिस पर हिंदी में ‘शादी में जरूर आने का निवेदन’ लिखा था। जैसे ही उन्होंने उस फाइल को खोला, मोबाइल हैक हो गया और बैंक से पैसे कटने के मैसेज आने शुरू हो गए। होश उड़ने पर पीड़ित ने तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई।
साइबर सेल ने तत्परता दिखाते हुए ठग के बैंक खाते को फ्रीज कर दिया, लेकिन तब तक खाते में केवल 59 हजार रुपये ही शेष बचे थे, बाकी राशि एटीएम के जरिए निकाली जा चुकी थी। कोतवाली प्रभारी इंस्पेक्टर गिरीश चन्द्र गौतम ने बताया कि पीड़ित की तहरीर के आधार पर अभियोग पंजीकृत कर लिया गया है और साइबर टीम मामले की गहराई से छानबीन कर रही है। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी अनजान नंबर से आए लिंक या फाइल को बिना सोचे-समझे क्लिक न करें।
कैसे बचें इस प्रकार की ठगी से?
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अनजान लिंक से बचें: वॉट्सऐप या मैसेज पर आए किसी भी अनजान लिंक या ‘.apk’ फाइल को डाउनलोड न करें।
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परमिशन न दें: यदि कोई अनजान ऐप मोबाइल की सेटिंग या डेटा एक्सेस की परमिशन मांगे, तो उसे तुरंत ब्लॉक करें।
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तत्काल सूचना: ठगी होने पर बिना देरी किए 1930 हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं।














