
हाथरस 30 मार्च । जनपद में पीपीपी मॉडल पर प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज की स्थापना की दिशा में एक बड़ी प्रगति हुई है। तहसील सासनी के ग्राम बिजाहरी स्थित दुग्ध उत्पादन सहकारी संघ लिमिटेड की 6.675 हेक्टेयर भूमि को चिकित्सा शिक्षा विभाग को हस्तांतरित करने की प्रक्रिया तेज हो गई है। राज्य के वित्त नियंत्रक (नोडल पीपीपी) शैलेश गिरि ने आयुक्त दुग्धशाला विकास को पत्र लिखकर पूछा है कि भूमि हस्तांतरण के बदले कुल कितनी धनराशि और किस मद में जमा की जानी है। शासन के निर्देशों के अनुसार, यह भूमि उसी दर पर हस्तांतरित की जाएगी, जिस लागत पर इसे वर्ष 1987 में लिया गया था।
जिलाधिकारी द्वारा पूर्व में भेजे गए प्रस्ताव पर संज्ञान लेते हुए वित्त नियंत्रक ने इस मामले को विशेष प्राथमिकता पर रखने के निर्देश दिए हैं। सदर विधायक अंजुला माहौर ने बताया कि उन्होंने इस संबंध में मुख्यमंत्री से भेंट कर जल्द कार्यवाही का निवेदन किया था। शासन स्तर से पत्र जारी होने के बाद अब भूमि हस्तांतरण की बाधाएं दूर होती दिख रही हैं। भुगतान की प्रक्रिया पूर्ण होते ही अंतर-विभागीय हस्तांतरण संपन्न हो जाएगा, जिससे जनपदवासियों को जल्द ही आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं से लैस मेडिकल कॉलेज की सौगात मिल सकेगी।


























