सिकंदराराऊ (हसायन) 26 फरवरी । कोतवाली क्षेत्र के नेशनल हाईवे स्थित सलेमपुर पुलिस औद्योगिक क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम नगला रति में बुधवार की देर रात मिट्टी खनन के डंपर निकालने को लेकर दो पक्षों में खूनी संघर्ष हो गया। विवाद समाजवादी पार्टी के वार्ड संख्या सात के जिला पंचायत सदस्य मनोज बघेल और ग्राम पिछौंती के किसान भाइयों के बीच हुआ। मारपीट में घायल तीन युवकों को पुलिस ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया है। वहीं, कोतवाली में घायलों का हालचाल पूछने पहुंचे ग्रामीणों की पुलिसकर्मियों से तीखी नोकझोंक के बाद जमकर हंगामा हुआ।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के अनुसार, सपा जिला पंचायत सदस्य मनोज बघेल द्वारा मंगलवार रात ग्राम पिछौंती में एक खेत से मिट्टी खनन का कार्य कराया गया था। डंपरों के रातभर ग्राम पंचायत के चकरोड से गुजरने के कारण किसान अवधेश उर्फ बौबी और बंटी सेंगर की खड़ी फसल को नुकसान पहुँचा। बुधवार सुबह इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में वार्ता हुई और सुलह-समझौता भी हो गया।
फोन पर बिगड़ी बात और हो गई मारपीट
बताया जाता है कि बुधवार की शाम दोनों पक्षों के बीच फोन पर इसी विवाद को लेकर दोबारा कहासुनी हो गई। बहस इतनी बढ़ी कि दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और नगला रति पर जमकर गाली-गलौज व मारपीट हुई। घटना की सूचना मिलते ही सलेमपुर चौकी और हसायन कोतवाली पुलिस मौके पर पहुँची और घायलों को उपचार हेतु अस्पताल भिजवाया।
कोतवाली में पुलिस और ग्रामीणों के बीच टकराव
मारपीट की खबर फैलते ही नगला रति, सूसामई, शीतलबाड़ा और पिछौंती से भारी संख्या में महिला-पुरुष कोतवाली पहुँच गए। कोतवाली में तैनात पुलिसकर्मियों ने जब भीड़ को बाहर जाने के लिए कहा, तो ग्रामीण आक्रोशित हो गए और पुलिस के व्यवहार को लेकर नारेबाजी व हंगामा शुरू कर दिया। शोर सुनकर कोतवाली प्रभारी गिरीश चन्द्र गौतम मौके पर पहुँचे और जैसे-तैसे ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत किया। गुरुवार तड़के 3 बजे तक कोतवाली परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।














