
हाथरस 13 जनवरी । हाथरस के कोतवाली क्षेत्र के गांव तरफरा में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहां महज चार महीने की मासूम बच्ची की श्वास नली में दूध फंस जाने से मौत हो गई। दूध पीने के बाद बच्ची मां की गोद में सो गई थी, लेकिन कुछ ही घंटों में उसकी सांसें थम गईं। मासूम की मौत से पूरे गांव में मातम पसरा है। गांव निवासी शकील की चार माह की बेटी अक्सा को रात में दूध पिलाया गया था। दूध पीने के बाद वह सामान्य रूप से सो गई, लेकिन कुछ देर बाद अचानक उसकी हालत बिगड़ने लगी। बच्ची को सांस लेने में दिक्कत हुई, जिससे घबराए परिजन तुरंत उसे अस्पताल लेकर पहुंचे। अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद बच्ची को मृत घोषित कर दिया। चिकित्सकों की प्रारंभिक आशंका है कि दूध श्वास नली में फंस गया था, जिससे बच्ची को सांस लेने में गंभीर परेशानी हुई और उसकी जान चली गई। इस खबर के मिलते ही परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा और घर में कोहराम मच गया। परिजनों ने किसी तरह की कानूनी कार्रवाई नहीं कराते हुए बिना पोस्टमार्टम कराए ही बच्ची के शव को घर ले जाकर अंतिम संस्कार कर दिया। घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है और हर कोई मासूम अक्सा की असमय मौत से स्तब्ध है। चिकित्सकों का कहना है कि छोटे बच्चों को दूध पिलाते समय थोड़ी सी लापरवाही भी जानलेवा साबित हो सकती है। उन्होंने अभिभावकों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।
दूध पिलाते समय रखें ये सावधानियां
- बच्चे को लिटाकर दूध न पिलाएं।
- दूध पिलाते समय बच्चे का सिर पैरों से ऊंचा रखें।
- दूध पिलाने के बाद बच्चे को कंधे से लगाकर पीठ थपथपाएं, ताकि डकार आ सके।
- यह सुनिश्चित करें कि बच्चा दूध पीने के बाद डकार जरूर ले।
- अगर बच्चे को सांस लेने में परेशानी हो या सांस लेते समय अजीब आवाज आए, तो तुरंत बाल रोग विशेषज्ञ से संपर्क करें।
- मासूम अक्सा की मौत ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि नवजात और छोटे बच्चों की देखभाल में थोड़ी सी चूक कितनी बड़ी कीमत वसूल सकती है।

















