
हाथरस 04 जनवरी । आज मुख्य चिकित्साधिकारी हाथरस डॉ. राजीव रॉय एवं उप मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. मौ. इन्तेखाब आलम द्वारा जनपद के तीन मुख्यमंत्री आरोग्य मेलों का संयुक्त रूप से निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं, दवा उपलब्धता, साफ-सफाई एवं स्टाफ की उपस्थिति की गहन समीक्षा की गई।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आरती में निरीक्षण के समय फार्मासिस्ट योगेश, वार्ड बॉय यशपाल एवं स्टाफ नर्स अल्पना उपस्थित मिलीं, जबकि चिकित्साधिकारी डॉ. विनीत कुमार सक्सेना इमरजेंसी ड्यूटी के कारण अनुपस्थित पाए गए। निरीक्षण तक 2 मरीजों को उपचार दिया जा चुका था। चिकित्सालय में साफ-सफाई व्यवस्था संतोषजनक पाई गई। फार्मासिस्ट द्वारा बताया गया कि केंद्र पर 160 प्रकार की दवाएं उपलब्ध हैं तथा डेंगू, मलेरिया सहित सभी सामान्य जांचें की जा रही हैं। स्टाफ नर्स ने बताया कि प्रतिमाह 7–8 प्रसव कराए जाते हैं। निरीक्षण में पब्लिक एड्रेस सिस्टम अनुपलब्ध पाया गया, जिस पर स्पीकर शीघ्र ठीक कराने के निर्देश दिए गए।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मानिकपुर में फार्मासिस्ट सुभाष चंद्र, एलटी सोमवीर, स्टाफ नर्स रीना कुमार एवं वार्ड बॉय चंद्रमोहन उपस्थित मिले। निरीक्षण के समय तक 5 मरीजों को देखा जा चुका था। केंद्र पर 195 दवाओं के सापेक्ष 135 दवाएं उपलब्ध पाई गईं, जिस पर शेष दवाओं की शीघ्र उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साफ-सफाई व्यवस्था अच्छी मिली। एलटी द्वारा बताया गया कि केंद्र पर 10 प्रकार की जांचें की जा रही हैं। स्टाफ नर्स ने प्रतिमाह 7–8 डिलीवरी होने की जानकारी दी।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जैतई में निरीक्षण के दौरान चिकित्साधिकारी (संविदा) डॉ. प्रेमपाल, फार्मासिस्ट चंद्रशेखर, सीएचओ रूबी वर्मा सहित अन्य कर्मचारी उपस्थित मिले। बताया गया कि नियमित चिकित्सक डॉ. प्रभाष उपाध्याय पोस्टमार्टम ड्यूटी पर हैं। निरीक्षण तक 25 मरीजों का उपचार किया जा चुका था। साफ-सफाई व्यवस्था संतोषजनक पाई गई। फार्मासिस्ट ने बताया कि केंद्र पर 135 प्रकार की दवाएं उपलब्ध हैं तथा डेंगू, मलेरिया सहित सभी सामान्य जांचें की जा रही हैं। यहां भी पब्लिक एड्रेस सिस्टम अनुपलब्ध पाया गया, जिसे शीघ्र दुरुस्त कराने के निर्देश दिए गए। निरीक्षण के दौरान सीएमओ डॉ. राजीव रॉय ने अधिकारियों व कर्मचारियों को निर्देश दिए कि मुख्यमंत्री आरोग्य मेलों में आने वाले मरीजों को समय पर, गुणवत्तापूर्ण एवं पूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं तथा दवाओं व उपकरणों की किसी भी प्रकार की कमी न रहने दी जाए।



















