हाथरस 03 अक्टूबर। दहेज की मांग पूरी न होने पर विवाहिता को प्रताड़ित करने और मारपीट कर घर से निकालने का मामला सामने आया है। सादाबाद थाना क्षेत्र के नगला भूरा निवासी मुनेश देवी ने अपने ससुराल पक्ष के खिलाफ महिला थाना में शिकायत दी है। पीड़िता का आरोप है कि शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष के लोग अतिरिक्त दहेज में बुलेट मोटरसाइकिल और दो लाख रुपये नकद की मांग कर रहे थे। मांग पूरी न होने पर उसके साथ मारपीट और उत्पीड़न किया गया। पुलिस ने तहरीर के आधार पर अभियोग पंजीकृत कर मामले की जांच शुरू कर दी है। मुनेश देवी पुत्री बच्चू सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसकी शादी 11 जून 2014 को राजस्थान के डीग जिले के थाना डीग क्षेत्र के गांव श्यौराबली निवासी विष्णु पुत्र बच्चू सिंह के साथ हुई थी। उसी दिन उसकी बड़ी बहन सुमन की शादी नंदकिशोर के साथ हुई थी। दोनों बहनों की शादी में परिवार ने करीब 12 लाख रुपये खर्च किए थे। विवाह के दौरान गृहस्थी का सामान, सोने-चांदी के आभूषण, फ्रिज, वाशिंग मशीन, आटा चक्की, मोटरसाइकिल सहित अन्य स्त्रीधन दिया गया था।
आरोप है कि शादी के बाद मुनेश के ससुर, पति और अन्य ससुरालीजन दिए गए दहेज से संतुष्ट नहीं थे। उन्होंने अतिरिक्त दहेज में बुलेट मोटरसाइकिल और दो लाख रुपये नकद की मांग शुरू कर दी। मांग पूरी न होने पर विवाहिता के साथ मारपीट और प्रताड़ना की जाने लगी। पीड़िता ने अपने मायके पहुंचकर मां राजकुमारी और भाइयों को ससुराल में हो रही प्रताड़ना की जानकारी दी। शिकायत के अनुसार मामले को सुलझाने के लिए कई बार पंचायत भी हुई, लेकिन ससुरालीजन अपनी मांग पर अड़े रहे। आरोप है कि 18 नवंबर 2023 को ससुराल पक्ष के लोगों ने मुनेश देवी के साथ मारपीट की और उसे मायके में छोड़ गए। पीड़िता का आरोप है कि इसके बाद 25 अप्रैल को दोपहर करीब 12 बजे ससुराल पक्ष के लोग नगला भूरा पहुंचे। वहां उन्होंने गाली-गलौज करते हुए उसके साथ मारपीट की और बुलेट मोटरसाइकिल तथा दो लाख रुपये लाने की मांग की। जब पीड़िता ने अपनी असमर्थता जताई तो आरोपियों ने कथित तौर पर जान से मारने की धमकी दी और चार पहिया वाहन से वहां से चले गए। घटना के बाद पीड़िता शिकायत लेकर सादाबाद थाने पहुंची, जहां से उसे महिला थाना जाने के लिए कहा गया। इसके बाद उसने महिला थाना में तहरीर दी। पुलिस ने तहरीर के आधार पर अभियोग पंजीकृत कर लिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।






