
हाथरस 01 अक्टूबर। जनपद में विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान के तृतीय चरण का शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी हाथरस ने जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। रैली में नगरीय क्षेत्र की आशाओं एवं आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं ने प्रतिभाग कर लोगों को संचारी रोगों से बचाव के प्रति जागरूक किया। इस दौरान नगर पालिका परिषद के कर्मचारी फॉगिंग वाहन के साथ मौजूद रहे। कार्यक्रम में अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजीव रॉय, डॉ. राजीव गुप्ता, डॉ. मधुर कुमार, डीटीओ डॉ. प्रवीण भारती, उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एम.आई. आलम, जिला कार्यक्रम प्रबंधक बलवीर वर्मा, स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी चतुर सिंह, जिला एपिडेमियोलॉजिस्ट, जिला मलेरिया अधिकारी, अर्बन कॉर्डिनेटर पुष्पेंद्र वीर सिंह तथा डीडीएम श्री संजीव कुमार सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
31 अक्टूबर तक चलेगा अभियान
संचारी रोग नियंत्रण अभियान का तृतीय चरण 1 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक जनपद में संचालित किया जाएगा। अभियान के तहत विभिन्न विभागों द्वारा संयुक्त रूप से कार्ययोजना तैयार कर संचारी रोगों से बचाव एवं नियंत्रण के लिए गतिविधियां संचालित की जाएंगी। जनसमुदाय को रैलियों, गोष्ठियों, पोस्टर, पंपलेट और बैनर आदि के माध्यम से मच्छरों से फैलने वाले रोगों एवं उनसे बचाव के प्रति जागरूक किया जाएगा।
12 अक्टूबर से शुरू होगा दस्तक अभियान
अभियान के अंतर्गत 12 अक्टूबर 2026 से दस्तक अभियान भी शुरू होगा। आशा एवं आंगनवाड़ी कार्यकर्ता संयुक्त रूप से घर-घर भ्रमण कर लोगों को संचारी रोगों से बचाव के उपाय बताएंगी। इस दौरान बुखार, आईएलआई, क्षय रोग, कुष्ठ रोग तथा कुपोषित बच्चों की पहचान एवं सूची तैयार करने का कार्य भी किया जाएगा। नगर विकास एवं पंचायती राज विभाग द्वारा नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों में नालियों की सफाई, झाड़ियों की कटाई, जलभराव वाले स्थानों पर लार्वीसाइडल दवा का छिड़काव तथा हैंडपंपों की मरम्मत जैसे कार्य किए जाएंगे। आंगनवाड़ी विभाग द्वारा घर-घर भ्रमण कर कुपोषित बच्चों की पहचान की जाएगी। पशुपालन विभाग सूकर पालकों को बाड़ों की नियमित सफाई के लिए प्रेरित करेगा, जबकि कृषि विभाग द्वारा चूहों एवं छछूंदरों से बचाव और उनसे फैलने वाले रोगों के प्रति लोगों को जागरूक किया जाएगा। स्कूलों में भी अध्यापकों द्वारा विद्यार्थियों को मच्छरों से फैलने वाली बीमारियों, उनके बचाव और उपचार के संबंध में जानकारी देकर जागरूक किया जाएगा।
दस्त रोग की रोकथाम पर भी रहेगा जोर
एक्यूट डायरिया डिजीज यानी दस्त रोग के संचरण को रोकने के लिए स्टॉप डायरिया कैंपेन के तहत अतिरिक्त गतिविधियां भी संचालित की जाएंगी। फ्रंटलाइन वर्कर्स अपने साथ ओआरएस पैकेट और जिंक की गोलियां रखेंगे तथा दस्त से पीड़ित बच्चों को उपलब्ध कराएंगे। वहीं, खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा खाद्य एवं पेय पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। खुले में बिकने वाले खराब एवं सड़े-गले फल-सब्जियों तथा असुरक्षित तरीके से तैयार किए जा रहे ताजे फलों के रस, गन्ने के जूस आदि पर भी निगरानी रखी जाएगी।
जनजागरूकता है अभियान का मुख्य उद्देश्य
अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग के साथ विभिन्न विभाग मिलकर संचारी रोगों की रोकथाम के लिए काम करेंगे। जागरूकता रैली का मुख्य उद्देश्य लोगों को साफ-सफाई, मच्छरों से बचाव, जलभराव रोकने, समय पर उपचार लेने तथा संचारी रोगों से बचाव के उपायों के प्रति जागरूक करना रहा।









