
हाथरस 23 जुलाई। थाना मुरसान पुलिस ने नकली करेंसी को असली बताकर लोगों से ठगी करने और विरोध करने पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी के कब्जे से “भारतीय मनोरंजन बैंक” अंकित ₹500 के 576 नकली नोट तथा भारतीय रिजर्व बैंक के ₹500 के चार असली नोट बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, 22 जुलाई को अलीगढ़ के महावीर गंज निवासी मानव शर्मा ने थाना मुरसान में लिखित तहरीर देकर बताया कि उसके व्हाट्सएप पर एक व्यक्ति ने वीडियो संदेश भेजकर दावा किया कि वह नकली करेंसी तैयार करता है और एक लाख रुपये के बदले दस लाख रुपये देता है। उसने यह भी कहा कि 50 हजार रुपये से कम की कोई डील नहीं होती। इस पर वादी ने अपने साथियों के साथ 50 हजार रुपये की व्यवस्था की और आरोपी से संपर्क किया।
आरोपी ने खुद को प्रदीप बताते हुए वादी को अलीगढ़ की बजाय मुरसान बुलाया। 22 जुलाई को जब वादी अपने साथियों के साथ बताए गए स्थान पर पहुंचा तो आरोपी ने एक बैग में रखे ₹500 के नोट दिखाए। बैग में ऊपर और नीचे असली भारतीय रिजर्व बैंक के नोट रखे गए थे, जबकि बीच में “भारतीय मनोरंजन बैंक” लिखे नकली नोट रखकर उन्हें असली करेंसी के रूप में पेश किया गया। वादी द्वारा नोटों की जांच करने पर उनके नकली होने का पता चल गया। विरोध करने पर आरोपी और उसके दो साथियों ने तमंचे से फायर कर दिया, जिसमें वादी और उसके साथी बाल-बाल बच गए।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक श्री चिरंजीव नाथ सिन्हा के निर्देशन तथा क्षेत्राधिकारी सादाबाद के निकट पर्यवेक्षण में थाना मुरसान पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी प्रदीप पुत्र मूलचन्द्र शर्मा निवासी नगला हंसी, थाना मुरसान, जनपद हाथरस को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से ₹500 के 576 नोट, जिन पर “भारतीय मनोरंजन बैंक” अंकित है, तथा ₹500 के चार असली भारतीय रिजर्व बैंक के नोट बरामद किए हैं। बरामद असली नोटों के क्रमांक 9UG741468, 9UG772164, 9UG772165 एवं 3NW053581 हैं। इस मामले में थाना मुरसान पर मु0अ0सं0 176/2026 के तहत धारा 179 एवं 109(1) भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) में अभियोग पंजीकृत किया गया है। पुलिस आरोपी से विस्तृत पूछताछ कर उसके आपराधिक इतिहास और इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटा रही है। साथ ही मामले में आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।









