
हाथरस 11 मई । अब तक कृषि, दाल उद्योग और अपने पारंपरिक व्यापार के लिए विख्यात हाथरस जिला जल्द ही उत्तर भारत के औद्योगिक मानचित्र पर एक नई इबारत लिखने जा रहा है। हैदराबाद की प्रतिष्ठित कंपनी एजीआई ग्रीनपैक लिमिटेड ने जिले में 1100 करोड़ रुपये के भारी निवेश के साथ अत्याधुनिक एल्युमिनियम बेवरेज कैन मैन्युफैक्चरिंग प्लांट की नींव रख दी है। सलेमपुर फेस-2 औद्योगिक आस्थान में करीब साढ़े 34 एकड़ में बनने वाला यह मेगा प्रोजेक्ट जिले की अर्थव्यवस्था और रोजगार परिदृश्य को पूरी तरह बदल देगा। हाथरस की दिल्ली-एनसीआर, आगरा, कानपुर, लखनऊ और राजस्थान जैसे बड़े बाजारों से निकटता इस निवेश की मुख्य वजह बनी है। बेहतर सड़क संपर्क के कारण यहां से उत्पादों की डिलीवरी तेजी से संभव होगी, जिससे लॉजिस्टिक्स और ट्रांसपोर्ट कारोबार को भी जबरदस्त बढ़ावा मिलेगा।
प्लांट को ‘प्लेटिनम’ ग्रीन बिल्डिंग मानकों के अनुरूप विकसित किया जा रहा है। कंपनी के सीईओ राजेश खोसला ने बताया कि एल्युमिनियम 100 प्रतिशत रीसाइकिल होने वाला मटेरियल है, जो टिकाऊ और पर्यावरण-अनुकूल पैकेजिंग को बढ़ावा देगा। यह निवेश देश में तेजी से बढ़ते बेवरेज मार्केट (सॉफ्ट ड्रिंक्स, एनर्जी ड्रिंक्स आदि) की जरूरतों को पूरा करेगा। इस प्लांट में वर्ष 2027 की पहली छमाही से उत्पादन शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है। शुरुआत में इसकी क्षमता 1.6 बिलियन कैन प्रति वर्ष होगी, जिसे भविष्य में बढ़ाकर 2 बिलियन से अधिक किया जाएगा। प्लांट में हाई-स्पीड और अपग्रेडेबल तकनीक का उपयोग किया जाएगा, जो ‘जस्ट-इन-टाइम’ सप्लाई मॉडल पर आधारित होगा।
जिला उद्योग केंद्र के उपायुक्त अजलेश कुमार ने बताया कि इस मेगा प्रोजेक्ट से लगभग 5000 लोगों को रोजगार मिलेगा। इसमें करीब 25 से 30 प्रतिशत कामगार स्थानीय होंगे, जिससे हाथरस के युवाओं को दिल्ली-एनसीआर जैसे बड़े शहरों की ओर पलायन नहीं करना पड़ेगा।





















