
हाथरस 06 अप्रैल । जिले में गहराते गैस संकट के बीच रविवार को प्रशासनिक आदेशों की खुलेआम धज्जियां उड़ती दिखाई दीं। प्रशासन ने उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए 5 अप्रैल को सभी गैस एजेंसियां खोलने के स्पष्ट निर्देश दिए थे, इसके बावजूद हाथरस नगर पालिका मार्केट स्थित गैस एजेंसी बंद रही। इस लापरवाही के चलते मथुरा रोड स्थित अन्य एजेंसी पर उपभोक्ताओं का सैलाब उमड़ पड़ा, जिससे भारी अव्यवस्था फैल गई।
घंटों लाइन में लगने के बाद भी नहीं मिला सिलेंडर
मथुरा रोड स्थित गैस एजेंसी पर सुबह से ही उपभोक्ताओं की लंबी कतारें लग गईं। दो से तीन घंटे तक कड़ी धूप और अव्यवस्था के बीच लाइन में लगने के बाद भी दर्जनों उपभोक्ताओं को बिना सिलेंडर लिए ही वापस लौटना पड़ा। उपभोक्ताओं का आरोप है कि उन्हें कभी ‘सर्वर डाउन’ होने तो कभी ‘बुकिंग न होने’ की बात कहकर टरका दिया जाता है।
आम आदमी की टूटी कमर
गैस किल्लत और केवाईसी (KYC) के नाम पर हो रही देरी ने आम आदमी की मुसीबतें बढ़ा दी हैं। लाइन में लगे कई मजदूरों और दिहाड़ीदारों ने बताया कि वे पिछले एक सप्ताह से काम छोड़कर एजेंसी के चक्कर लगा रहे हैं, जिससे उनकी रोजी-रोटी पर भी संकट आ गया है। प्रशासन के सख्त आदेशों के बाद भी कुछ एजेंसियों के ताले न खुलने से जनता में भारी रोष व्याप्त है।
क्या बोले जिम्मेदार ?
जिला पूर्ति अधिकारी (DSO) ध्रुवराज यादव ने हमारा हाथरस को बताया कि सभी गैस एजेंसियों पर स्टॉक सुनिश्चित किया जा रहा है। 5 अप्रैल को निर्धारित आदेश के बावजूद एजेंसी किस कारण से बंद थी, इसकी गहनता से जानकारी की जाएगी और संबंधित के विरुद्ध कार्यवाही होगी।






















