
हाथरस 10 मार्च । उच्च न्यायालय इलाहाबाद एवं उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के आदेशों के अनुपालन में जनपद न्यायाधीश विनय कुमार के दिशा-निर्देशन में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव अनु चौधरी की अध्यक्षता में पोक्सो अधिनियम के अंतर्गत सहायक व्यक्तियों की सेवाओं के प्रभावी कार्यान्वयन हेतु एक महत्वपूर्ण त्रैमासिक बैठक आयोजित की गई। बैठक में पोक्सो अधिनियम और नियमों के अंतर्गत निहित प्रावधानों और प्रक्रियाओं पर गहन चर्चा की गई। इस दौरान सहायक व्यक्तियों के कार्यों में आ रही चुनौतियों, कार्यप्रणाली में सुधार की संभावनाओं और सर्वोत्तम प्रथाओं को साझा किया गया। बैठक के एजेंडे के अनुसार, पोक्सो के तहत मामलों के पंजीकरण, कानूनी प्रक्रिया के विभिन्न चरणों, तथा पीड़ित बच्चों एवं उनके परिवारों की अपेक्षाओं और आवश्यकताओं पर विस्तार से विचार-विमर्श हुआ। साथ ही, बच्चों के संरक्षण व न्याय सुनिश्चित करने में संबंधित हितधारकों की भूमिका और जिम्मेदारी तय करने पर बल दिया गया। सचिव अनु चौधरी ने परिवार और सहायक व्यक्तियों को आने वाली समस्याओं के निराकरण के लिए समन्वित प्रयास करने के निर्देश दिए। इस बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों और प्रतिनिधियों ने प्रतिभाग किया, जिनमें डिप्टी सहायक चिकित्साधिकारी डॉ. आर.एन. सिंह, सहायक अभियोजन अधिकारी सतेन्द्र सिंह, जीजीआईसी प्रधानाचार्या ममता उपाध्याय, बेसिक शिक्षा प्रतिनिधि शशिवाला, जिला बाल सुरक्षा इकाई से विमल कुमार शर्मा, बाल कल्याण समिति अध्यक्ष बविता अग्रवाल, वन स्टॉप सेंटर संचालिका मनीषा भारद्वाज, सहित विभिन्न सहायक व्यक्ति एवं संबंधित थानों के बाल कल्याण पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।

























